Publisher Theme
I’m a gamer, always have been.

तीन कोरोना पॉजिटिव मिलने पर गाडरवारा में कंटेनमेंट एरिया घोषित

0 19

नरसिंहपुर। कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी वेद प्रकाश ने गाडरवारा के शहीद भगतसिंह वार्ड में निवासरत कोरोना संदिग्ध व्यक्तियों के घरों से व्यवहारिक दूरी के क्षेत्र को कंटेनमेंट एरिया घोषित किया है। गाडरवारा में तीन कोरोना पॉजिटिव मरीज मिलने पर यहां कंटेनमेंट एरिया घोषित किया गया है। व्यवहारिक दूरी का निर्धारण मुख्य चिकित्सा चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी तथा आरआरटी द्वारा किया जायेगा। कलेक्टर ने कंटेनमेंट एरिया में सभी प्रकार की गतिविधियों को प्रतिबंधित किया है। यह आदेश व्यापक जनहित में कोरोना संक्रमण को रोकने के उद्देश्य से मप्र पब्लिक हेल्थ एक्ट 1949 के प्रावधानों के तहत जारी किया गया है। इस आदेश को तत्काल प्रभाव से लागू किया गया है।
         उल्लेखनीय है कि गाडरवारा के शहीद भगत सिंह वार्ड के तीन व्यक्तियों के कोरोना पॉजिटिव होने की रिपोर्ट प्राप्त हुई है। इनमें से एक की पुत्री इंदौर से 6 जून को गाडरवारा आई थी। सेंपल लेने के बाद उसे बिट्ठल भवन में संस्थागत कोरंटाइन किया गया था। उसके बाद मेडिकल जांच के पश्चात कोरोना पॉजिटिव पाये जाने पर पुत्री एवं अन्य महिलाओं को संस्थागत कोरंटाइन किया गया। कोरोना वायरस के संक्रमण पर नियंत्रण के उद्देश्य से गाडरवारा के शहीद भगत सिंह वार्ड में निवासरत कोरोना संदिग्ध व्यक्तियों के घरों से व्यवहारिक दूरी के क्षेत्र को कलेक्टर ने कंटेनमेंट एरिया घोषित किया है।
कंटेनमेंट एरिया में सभी प्रकार की गतिविधियां प्रतिबंधित
          कंटेनमेंट एरिया में सभी गतिविधियां व आवागमन पूर्ण रूप से प्रतिबंधित रहेगा। कंटेनमेंट एरिया के सभी निवासियों का होम कोरंटाइन में रहना अनिवार्य होगा। कंटेनमेंट एरिया के व्यक्तियों को अपने घर से बाहर निकलने की अनुमति नहीं होगी, ताकि प्रतिबंधात्मक आदेशों का पूरी तरह से क्रियान्वयन सुनिश्चित हो सके। कंटेनमेंट एरिया का पेरामीटर मुख्य रूप से कंट्रोल किया जाना होगा। इसके लिए सीएमएचओ द्वारा शासन के निर्देशों के तहत विशेष रेपिड रिस्पांस टीम/ मेडिकल मोबाइल यूनिट का गठन किया जायेगा। इस क्षेत्र के निकासी बिंदु (एक्जिट प्वाइंट) पर स्वास्थ्य कर्मचारियों द्वारा सतत स्क्रीनिंग की जायेगी। कोविड- 19 संक्रमण के पॉजिटिव केस के सभी परिजन, निकट सम्पर्क वाले व्यक्तियों को अनिवार्य रूप से होम कोरंटाइन किया जायेगा, जिससे संक्रमण को समुदाय में फैलने से रोका जा सके। इसका प्रतिदिन फालोअप लिया जायेगा, जब तक कोरोना संदिग्ध केस का परिणाम निगेटिव नहीं आ जाये। यदि रिजल्ट पॉजिटिव आता है, तो संबंधित के फर्स्ट कांटेक्ट को 14 दिन तक होम कोरंटाइन रखा जायेगा और फालोअप अतिरिक्त 14 दिन तक प्रतिदिन रखना होगा। क्षेत्र को तत्काल एवं नियमित अंतराल पर सेनेटाइज करना अनिवार्य होगा। संदिग्ध केस को आरआरटी/ एमएमयू द्वारा परीक्षण किये जाने पर एक अलग चिन्हित कमरे में आईसोलेशन में रखा जाना सुनिश्चित किया जायेगा।
         जिला दंडाधिकारी ने कोरोना पॉजीटिव एवं संदिग्ध व्यक्तियों के समस्त परिवार को फेस मास्क उपलब्ध कराते हुए हेंड और पर्सनल हाईजीन के प्रोटोकाल का पालन किया जाना सुनिश्चित करने की हिदायत दी है। उन्होंने कंटेनमेंट एरिया से संबंधित विभिन्न व्यवस्थायें एवं दिशा निर्देशों का पालन सुनिश्चित करने के लिए संबंधित अधिकारियों को दायित्व सौंपे हैं। कंटेनमेंट एरिया में शासन के निर्देशानुसार सभी गतिविधियों को अपर कलेक्टर श्री मनोज ठाकुर एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री राजेश तिवारी के मार्गदर्शन में पूर्ण किया जायेगा। गाडरवारा के भगत सिंह वार्ड के कंटेनमेंट एरिया के सर्विलेंस के लिए कलेक्टर ने एक दल का गठन भी किया है। कलेक्टर ने निर्देशित किया है कि सभी कार्यकर्ता पीपीई प्रोटोकाल का पालन सुनिश्चित करेंगे।

कलेक्टर द्वारा जिला चिकित्सालय का निरीक्षण
कलेक्टर वेद प्रकाश ने शासकीय जिला चिकित्सालय का गुरूवार को निरीक्षण किया। उन्होंने अस्पताल में कोरोना मरीजों और सामान्य मरीजों के उपचार से संबंधित व्यवस्थाओं का जायजा लिया। कलेक्टर ने जिला चिकित्सालय की व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने के लिए आवश्यक निर्देश दिये।
         निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने डीसीएचसी- डेडिकेटिड कोविड हेल्थ सेंटर का मुआयना किया। उन्होंने यहां सेंट्रल ऑक्सीजन यूनिट के साथ की गई 45 बेड की व्यवस्था को देखा। उन्होंने पुराने एसएनसीयू भवन का भी निरीक्षण किया। यहां 18 बेड की व्यवस्था की गई है। कलेक्टर ने यहां आईसीयू शुरू कराने की बात कही। श्री वेद प्रकाश ने जिला अस्पताल में सेंट्रल ऑक्सीजन यूनिट सहित 100 बेड की अतिरिक्त व्यवस्था करने के लिए स्थान का चिन्हांकन कर प्रस्ताव देने के निर्देश दिये।
         कलेक्टर ने निर्देशित किया कि कोरोना संक्रमित मरीजों और सामान्य मरीजों के प्रवेश एवं निकासी के लिए अलग- अलग व्यवस्था की जाये। कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए जिला अस्पताल परिसर में निर्धारित गाइड लाइन का सख्ती से पालन हो। साथ ही यह सुनिश्चित किया जाये कि मरीजों के साथ आने वाले परिजन एवं अन्य व्यक्ति सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कड़ाई से करें और अनिवार्य रूप से मास्क लगायें।
         इस अवसर पर सिविल सर्जन डॉ. अनीता अग्रवाल, चिकित्सकगण और मेडिकल स्टाफ मौजूद था।

Leave A Reply

Your email address will not be published.