उदासीनता के चलते नहीं हुआ वेतन त्यौहार के समय वेतन के लाले

जबलपुर दर्पण। मध्य प्रदेष जागरूक अधिकारी कर्मचारी संगठन के जिलाध्यक्ष रॉबर्ट मार्टिन ने एक प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से बताया कि शासन के स्पष्ट आदेष हैं कि कर्मचारियों को माह की 01तारीख को वेतन का भुगतान कर दिया जाए। परंतु षिक्षा विभाग में आज दिनांक तक वेतन भुगतान नहीं किया गया जिससे षिक्षक परेषान, हलाकान एवं हैरान है कि होली जैसे त्यौहार को ध्यान में रखते हुए किसी भी हालत में वेतन 01तारीख को कर दिया जाना चाहिए था परंतु आज दिनांक तक वेतन नहीं किया गया जिससे षिक्षकों में रोष व्याप्त है।
संघ ने बताया कि इस भीषण मंहगाई के दौर में जहां एक तरफ लोकसेवकों को अपनी प्रतिमाह लोन की किस्त बैंकों में भरनी पड़ती है यदि समय पर न दी गई तो फाईन भरना होता है वहीं परीक्षाओं को ध्यान में रखते हुए बच्चों की फीस भी समय पर देनी है जो की वेतन समय पर नहीं होने से षिक्षक नहीं भर पा रहे है। जिससे उन्हे लेट फीस के नाम पर भी अतिरिक्त राषि देनी पड़ेगी। वहीं दूसरी तरफ शासकीय स्कूलों के षिक्षकों को अपने पैसे से पहले टेबलेट लेना पड़ा जिसमें माह के अंत में उन्हे टेबलेट के क्रय हेतु अपने पास से 10 से 15 हजार रूप्ये और कुछ षिक्षकों को 15 हजार रूप्ये से भी ज्यादा अपने पास से खर्च करने पड़े जिसकी राषि वरिष्ठ कार्यालयों द्वारा अभी षिक्षकों के खाते में नहीं पहुंची ऐसे में उन्हे होली जैसे राष्ट्रीय त्यौहार वाले माह में वेतन समय पर दिया जाना चाहिए था परंतु कुछ अधिकारियों और प्राचार्यों की आनाकानी और लेटलतीफी की वजह से या तो बिल नहीं पहुंचे या बिल जनरेट नहीं हो सके जिस वजह से षिक्षकों को आर्थिक समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है अतः दोषी अधिकारियों पर सख्त कार्यवाही की जानी चाहिए और हमेषा शासन द्वारा निर्धारित समय पर वेतन किया जाना चाहिए।
संगठन के जिलाध्यक्ष-रॉबर्ट मार्टिन, शहीर मुमताज़, दिनेष गौंड़, राकेष श्रीवास, हेमंत ठाकरे, अफरोज खान, गुडविन चार्ल्स, राजकुमार यादव, धनराज पिल्ले, एनोस विक्टर, सुधीर अवधिया, स्टेनली नॉबर्ट, प्रदीप पटेल, मनीष मिश्रा, एस.बी.रजक, आर.पी.खनाल, अजय मिश्रा, फिलिप अन्थोनी, विनोद सिंह, रऊफ खान, गोपीषाह, अफरोज खान, उमेष सिंह ठाकुर, सुनील झारिया, रवि जैन, सुधीर पावेल, रॉबर्ट फ्रांसिस, आषाराम झारिया, अषोक परस्ते, योगेष ठाकरे, वीरेन्द्र श्रीवास, विजय झारिया, सुनील स्टीफन, वसीमुद्दीन, विनय रामजे, रामकुमार कतिया, सरीफ अहमद अंसारी, आषीष कोरी, कादिर अहमद अंसारी, अनूप डाहट, मानसिंह आर्मो आदि ने कलेक्टर महोद्य से मांग की है कि जिन दोषी अधिकारियों की वजह से माह का वेतन समय पर नहीं हो पा रहा है उन पर सख्त कार्यवाही की जाए।



