हत्या के प्रकरण में लंबे समय से फरार सजायाफ्ता दोनों आरोपी भाई गिरफ्तार

जबलपुर दर्पण । थाना हनुमानताल में पंजीबद्ध अपराध क्र 100/97 धारा 302 भादवि में लंम्बे अरसे से फरार सजायाप्ता आरोपी (1) राजेन्द्र मराठा पिता बसंत मराठा उम्र 25 वर्ष निवासी बाबाटोला व (2) नरबद पिता बसंत मराठा उम्र 32 वर्ष निवासी बाबा टोला जिन्हे वर्ष 1999 मे मान्नीय सेसन न्यायालय जबलपुर द्वारा आजीवन कारावास के दण्ड से दण्डित किया गया था। दोनो आरोपी माननीय उच्च न्यायालय जबलपुर से जमानत मिलने पर दोनो आरोपी जबलपुर छोडकर फरार हो गए जिनकी तलाश हेतु सम्भावित स्थानों पर दबिश दी गयी किंतु गिरफ्तारी नहीं की जा सकी। दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी हेतु माननीय उच्च न्यायालय द्वारा स्थाई गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया था। फरार वारंटियों की तलाश की जा रही थी जो काफी समय से फरार थे जिनकी गिरफ्तारी पर पुलिस अधीक्षक जबलपुर द्वारा चार-चार हजार रूपये के नगद पुरूस्कार से पुरूस्कृत करने की उद्घोषणा की गयी थी।
पुलिस अधीक्षक जबलपुर श्री सम्पत उपध्याय (भा.पु.से.), द्वारा थानों में लंबित म्यादी एवं गैरम्यादी वारंटो की तामीली हेतु सभी राजपत्रित अधिकारियों एवं थाना प्रभारियों को आदेशित किया गया हेै।
आदेश के परिपालन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर श्री आयुष गुप्ता (भा.पु.से.), एवं नगर पुलिस अधीक्षक गोहलपुर श्री मधुर पटेरिया के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी हनुमानताल श्री सुभाष चंद बघेल के नेतृत्व में टीम गठित कर लगायी गयी।
टीम द्वारा समय समय पर पतासाजी करते हुये सम्भावित स्थानों पर दबिश दी जा रही थी। विश्वसनीय मुखबिर द्वारा दोनों फरार आरोपियों के कानपुर में होने की जानकारी मिलने पर तत्काल टीम को कानपुर रवाना किया गया। टीम द्वारा पतासाजी करते हुये फरार सजायाप्ता आरोपी (1) राजेन्द्र मराठा पिता बसंत मराठा (2) नरबद मराठा पिता बसंत मराठा दोनों निवासी कानपुर जो कानपुर में रहकर मजदूरी कर रहे थे को अभिरक्षा में लेते हुये आज दिनांक 14/2/26 को गिरफ्तार कर थाना हनुमानताल लाया गया तथा मान्नीय मुख्य मुख्य न्यायिक दंण्डाधिकारी महोदय की न्यायालय के समक्ष पेश करते हुये दोनों आरोपियों को केन्द्रीय जेल जबलपुर में निरूद्ध कराया गया ।
उल्लेखनीय है कि दोनो आरोपी शातिर अपराधी प्रवृत्ति के व्यक्ति है नरबद के विरूद्ध 15 एवं राजेन्द्र मराठा के विरूद्ध 14 प्रकरण हत्या, हत्या के प्रयास, अवैध वसूली, लूट, मारपीट, आर्म्स एक्ट, विस्फोटक पदार्थ अधिनियम के पूर्व से पंजीबद्ध थे।
उल्लेखनीय भूमिका- हत्या के प्रकरण में लम्बे समय से फरार वांटियों को पकडने में सहायक उप निरीक्षक राजेश मिश्रा, रोहिणी शुक्ला प्रधान आरक्षक विनीत की सराहनीय भूमिका रही।



