हाईकोर्ट ने दिए जाँच उपरांत वक्फ बोर्ड सदस्य फैज़ान खान पर एफआईआर करने के आदेश

जबलपुर दर्पण । एक ओर जहाँ मध्यप्रदेश वक्फ बोर्ड अपनी बड़ी बड़ी उपलब्धियां गिनवाते खुद अपनी पीठ थपथपाते अपना गुणगान कर रहा है वहीं दूसरी ओर मध्यप्रदेश वक्फ बोर्ड द्वारा पारित अनेकों आदेशों के विरुद्ध माननीय हाईकोर्ट द्वारा एक के बाद एक आदेश पारित करने से मध्यप्रदेश वक्फ बोर्ड में उदासी का माहौल है, इसी श्रृंखला में मध्यप्रदेश वक्फ बोर्ड के सदस्य फैज़ान खान द्वारा नियुक्त होने हेतु झूठा शपथ पत्र मध्यप्रदेश वक्फ बोर्ड के समक्ष प्रस्तुत किया गया है, मामला इस प्रकार है कि वक्फ मस्जिद व मज़ार मदार साहब मदार गेट उज्जैन वक्फ रजिस्ट्रेशन नंबर 19/868 में मस्जिद व मज़ार के अलावा स्कूल, 2 हॉल, करीब 115 दुकानें व दीगर वक्फ जायदाद स्थित है, उक्त वक्फ के प्रबंधन हेतु मध्यप्रदेश वक्फ बोर्ड भोपाल द्वारा आदेश क्रमांक डी नंबर 4898-4903 दिनांक 26.07.2024 को कमेटी गठन आदेश पारित करते वक्फ बोर्ड सदस्य फैज़ान खान पिता अब्दुल रज़्ज़ाक खान की अध्यक्षता में 07 सदस्यीय वक्फ कमेटी का गठन किया गया।
वक्फ मस्जिद व मज़ार मदार साहब मदार गेट उज्जैन के गठन हेतु दिनांक 03.06.2024 को प्रस्तुत किए गए दस्तावेज़ो के साथ-साथ कमेटी के प्रत्येक सदस्य द्वारा वक्फ बोर्ड के समक्ष स्वयं अपने शपथ पत्र प्रस्तुत किए गए, जिसमें वक्फ बोर्ड सदस्य व वक्फ मदार साहब कमेटी अध्यक्ष फैज़ान खान, उपाध्यक्ष मोहम्मद हारून नागौरी, सचिव शेख रशीद उद्दीन एवं सदस्य सैयद उवेज अली द्वारा प्रस्तुत शपथ पत्र दिनांक 03.06.2024 में अपने-अपने प्रस्तुत शपथ पत्रों की कंडिका क्रमांक 03 एवं कंडिका क्रमांक 6 (4) में शपथपूर्वक कथन किया गया है कि उन्हें पूर्व में कभी भी वक्फ मस्जिद व मज़ार मदार साहब मदार गेट उज्जैन की प्रबंध कमेटी में नियुक्त नहीं किया गया है, जबकि वास्तविकता यह है कि मध्यप्रदेश वक्फ बोर्ड, भोपाल द्वारा पूर्व में पारित अपने आदेश क्रमांक 3248 दिनांक 23.07.2021 को वक्फ मस्जिद व मज़ार मदार साहब मदार गेट उज्जैन के प्रबंध हेतु फैज़ान खान की अध्यक्षता में गठित की गई 07 सदस्यीय कमेटी में फैज़ान खान को अध्यक्ष एवं मोहम्मद हारून नागौरी और सैयद उवेज अली को कमेटी में शामिल करते उक्त कमेटी में सदस्य के पद पर नियुक्त किया गया था, इसके अलावा उक्त कमेटी के उपाध्यक्ष मोहम्मद हारून नागौरी एवं सचिव शेख रशीद उद्दीन पर दर्ज एफआईआर को छुपाते वक्फ कमेटी में नियुक्ति हेतु शपथ पत्र प्रस्तुत किया गया कि उनके विरुद्ध किसी भी न्यायालय में किसी भी प्रकार का आपराधिक प्रकरण पंजीबद्ध नहीं है।
मध्यप्रदेश वक्फ बोर्ड भी इस बात से भली भांति अवगत है कि फैज़ान खान पूर्व में भी वक्फ मस्जिद व मज़ार मदार साहब मदार गेट उज्जैन का अध्यक्ष रह चुका है जिसके चलते वक्फ अधिनियम की धारा 14 (1) (iv) के अंतर्गत मुतवल्ली कमेटी की श्रेणी में चुनाव लड़कर आदेश क्रमांक 14/निर्वाचन/2023 दिनांक 05.04.2023 को मध्यप्रदेश वक्फ बोर्ड के सदस्य के रूप में निर्वाचित किया गया, जिसके पश्चात दिनांक 22.07.2024 को फैज़ान खान की अध्यक्षता में गठित वक्फ मस्जिद व मज़ार मदार साहब मदार गेट उज्जैन की प्रबंध कमेटी का कार्यकाल समाप्त हो गया।
वक्फ मस्जिद व मज़ार मदार साहब मदार गेट उज्जैन की वक्फ कमेटी में पुनः नियुक्ति पाने हेतु वक्फ बोर्ड सदस्य फैज़ान खान सहित मोहम्मद हारून नागौरी, शेख रशीद उद्दीन व सैयद उवेज अली द्वारा मध्यप्रदेश वक्फ बोर्ड के समक्ष झूठे शपथ पत्र प्रस्तुत किए गए, उक्त झूठे शपथपत्रों में बतौर गवाह आवेश नागौरी एवं नदीम खान ने अपने हस्ताक्षर किए है।
वक्फ कमेटी में नियुक्ति हेतु प्रस्तुत झूठे शपथपत्रों की शिकायत मध्यप्रदेश वक्फ बोर्ड, भोपाल व अन्य के समक्ष भी की गई जिसपर कोई कार्यवाही नहीं करने से व्यथित होकर शिकायतकर्ता/याचिकाकर्ता सैयद अमजद हुसैन द्वारा अपने अधिवक्ता तकमील नासिर के माध्यम से माननीय मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय के समक्ष याचिका दायर करते यह आधार लिया गया कि मध्यप्रदेश वक्फ बोर्ड के समक्ष वक्फ इंतेजामिया कमेटी नियुक्ति हेतु प्रस्तुत झूठे शपथ पत्रों के विषय में इसके पूर्व भी मध्यप्रदेश वक्फ बोर्ड, भोपाल के समक्ष वक्फ कमेटी नियुक्ति हेतु झूठे शपथ पत्र प्रस्तुत करने वालों पर थाना हरदा द्वारा भारतीय दण्ड संहिता की धारा 420, 467, 468 एवं 34 के अंतर्गत एफआईआर दर्ज की गई है।
याचिकाकर्ता सैयद अमजद हुसैन (पूर्व अध्यक्ष, वक्फ कायमखानी मस्जिद कमेटी, सोहागपुर, नर्मदापुरम) द्वारा अपने अधिवक्ता तकमील नासिर के माध्यम से दायर की गई याचिका पर माननीय मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय द्वारा सुनवाई करते पुलिस को आदेशित किया गया कि याचिकाकर्ता की शिकायत की जाँच तत्परता से करते भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता के प्रावधानों के अंतर्गत 14 दिवस में प्रारंभिक जाँच पूर्ण करते याचिकाकर्ता की जाँच पर फैज़ान खान, मोहम्मद हारून नागौरी, शेख रशीद उद्दीन, सैयद उवेज अली, आवेश नागौरी एवं नदीम खान के विरुद्ध संज्ञेय अपराध पाए जाने पर उपरोक्त नामजदों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज करने के आदेश पारित किए गए है, याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता तकमील नासिर ने पैरवी की।



