धार्मिक भावनाओं से जुड़े मामले पर मुस्लिम समाज ने सौंपा ज्ञापन, निष्पक्ष जांच की मांग

जबलपुर दर्पण । गढ़ा थाना क्षेत्र में हाल ही में सामने आई धार्मिक भावनाओं से जुड़ी एक घटना को लेकर मुस्लिम समाज ने कड़ा विरोध दर्ज कराया है। समाज के प्रतिनिधियों ने थाना प्रभारी, गढ़ा को ज्ञापन सौंपकर मामले की निष्पक्ष एवं त्वरित जांच की मांग की है।
ज्ञापन में उल्लेख किया गया है कि एक मुस्लिम युवक पर शिवलिंग जैसे पवित्र धार्मिक प्रतीक के अपमान का आरोप लगा है। मुबारक कादरी, निज़ाम कादरी, नसीर सुल्तानी, सैय्यद क़ादिर अली कादरी, इनायत कादरी, कदीर हाजी, नियाज़ मंसूरी, आशु अली नेता, अब्बू बाबा कादरी, शादाब मंसूरी नेता पप्पू भाई, अंसार बाबा, शकील खान सहित पूरे मुस्लिम समाज ने इस घटना को निंदनीय, शर्मनाक और अस्वीकार्य बताते हुए स्पष्ट किया कि इस प्रकार के कृत्यों का इस्लाम, कुरआन और पैगंबर-ए-इस्लाम की शिक्षाओं से कोई संबंध नहीं है।
समाज के प्रतिनिधियों ने कहा कि इस्लाम सभी धर्मों के सम्मान, अमन, भाईचारे और इंसानियत की शिक्षा देता है तथा किसी भी धर्म या पूजा-स्थल का अपमान इस्लामी उसूलों के विरुद्ध है।
ज्ञापन में प्रशासन से मांग की गई है कि मामले की निष्पक्ष जांच की जाए और यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो दोषी के विरुद्ध कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
साथ ही मुस्लिम समाज ने सभी समुदायों से शांति, संयम और आपसी सौहार्द बनाए रखने की अपील की है तथा कहा है कि किसी एक व्यक्ति के कृत्य को पूरे समाज से न जोड़ा जाए। मुस्लिम समाज ने दोहराया कि वह सदैव देश की एकता, अखंडता और सांप्रदायिक सौहार्द के साथ खड़ा रहा है और आगे भी रहेगा।


