मुख्यमंत्री विधायक व कलेक्टर तुरंत हस्तक्षेप की मांग

सतीश चौरसिया उमरियापान । कटनी जिले में रबी विपणन वर्ष 2026-27 के तहत गेहूं खरीदी की प्रक्रिया तकनीकी खामियों की भेंट चढ़ गई है । ई-उपार्जन पोर्टल पर पिछले कई दिनों से ‘स्लॉट बुकिंग’ पूरी तरह बाधित होने के कारण हजारों किसानों की उपज खेतों और खलिहानों में असुरक्षित पड़ी है । इस गंभीर समस्या को लेकर जिला शहर एवं ग्रामीण कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष व छिंदवाड़ा प्रभारी करण सिंह चौहान ने मुख्यमंत्री मोहन यादव, विधायक संदीप जायसवाल और कलेक्टर आशीष तिवारी (IAS) को पत्र लिखकर तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है ।
पोर्टल बना मुसीबत, बारिश ने बढ़ाई चिंता
करण सिंह चौहान ने पत्र में उल्लेख किया है कि किसानों ने शासन की मंशा अनुरूप पंजीयन तो करा लिया है, लेकिन पोर्टल पर लॉग-इन करने के बाद स्लॉट चयन का विकल्प काम नहीं कर रहा । किसान दिन-भर कियोस्क केंद्रों के चक्कर काट रहे हैं ।
चौहान ने चेताया कि
कटनी जिले में हो रही असामयिक वर्षा के कारण किसानों की साल भर की मेहनत दांव पर लगी है । स्लॉट बुक न होने से अनाज खुले में पड़ा है, जिससे भारी आर्थिक नुकसान की संभावना बनी हुई है। मजबूरी में किसान बिचौलियों को बेचने पर मजबूर हो गया है ।
सरकार और प्रशासन से की गई प्रमुख मांगें
पूर्व जिलाध्यक्ष ने पत्र के माध्यम से निम्नलिखित तीन प्रमुख सुझाव और मांगें रखी हैं
- तकनीकी सुधार, ई-उपार्जन पोर्टल की खामियों को दूर करने के लिए तत्काल राज्य स्तरीय तकनीकी टीम को निर्देशित किया जाए ।
- स्लॉट की संख्या में वृद्धि,पोर्टल पर प्रतिदिन बुक होने वाले स्लॉट की संख्या बढ़ाई जाए ताकि कतार में खड़े किसानों को जल्द अवसर मिल सके ।
- वैकल्पिक व्यवस्था यदि तकनीकी समस्या का समाधान तुरंत संभव नहीं है, तो समिति स्तर पर टोकन प्रणाली या मैन्युअल व्यवस्था शुरू की जाए ताकि खरीदी की प्रक्रिया न रुके ।
करण सिंह चौहान ने आशा व्यक्त की है कि किसान हितैषी होने का दावा करने वाली सरकार इस “ज्वलंत समस्या” पर राजनीति से ऊपर उठकर त्वरित निर्णय लेगी, ताकि कटनी का अन्नदाता बर्बादी से बच सके ।



