केंद्र प्रभारियों ने डीएम के आदेश को दिखाया ठेंगा

वेयर हाउसों की मैपिंग सहित प्रासंगिक व्यय के बैनर पोस्टर दिखे गायब
तहशील की आठों समिति की धान खरीदी लगभग शून्य रही
पाटन,जबलपुर दर्पण। प्रदेश सरकार ने समर्थन मूल्य पर धान की खरीदी 02 दिसंबर से होना सुनिश्चित की थी। लेकिन जिले की पाटन तहसील के अंतर्गत आने वाली जिला सहकारी केंद्रीय बैंक शाखा पाटन की आठों समिति प्रभारियों की उदासीनता के चलते दर्जनों खरीदी केंद्रों पर सुबह से लेकर शाम तक सन्नाटा पसरा रहा और किसान दिनभर इधर उधर भटकते रहे।
बताया जाता है कि खरीदी केंद्रों पर जिम्मेदारों के द्वारा वारदाना ही नहीं पहुंचाया गया जिसकी वजह से आज समर्थन मूल्य पर धान की खरीदी नही हो सकी वही जिला कलेक्टर श्री सक्सेना की सख्ती का असर धान खरीदी केंद्र प्रभारियों पर नहीं हो रहा है जिसकी वजह से तहसील के सभी केंद्रों पर प्रासंगिक व्यय की जानकारी वाले पोस्टर बैनर जिनमें किसानों को बताना होगा कि किसान को धान की तुलाई,सिलाई व चौकाई का कोई भी शुल्क नहीं देना है,इस तरह की सूचना वाले बैनर पोस्टर प्रायःसभी गोदामों से गायब दिखे!
जानकार बताते है कि पाटन विधान सभा में धान के बिचौलिए सक्रिय है जिनके तार सत्ता पक्ष के शीर्ष नेता से जुड़े है। धान का सारा खेल उन्हीं के आशीर्वाद से आगामी दिनों में खेला जाएगा और करोड़ों रुपए की अवैध वसूली तुलाई,सिलाई व चौकाई के नाम पर किसानों से होने वाली है। यही कारण है कि जिम्मेदारों ने तहसील के सभी धान खरीदी केंद्रों पर बैनर पोस्टर अभी तक नहीं लगाए और न ही खाद्य,नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग का शिकायत निवारण व्यवस्था का बैनर पोस्टर जिसमें उपार्जन केन्द्र क्रमांक,उपार्जन संस्था का नाम,उपार्जन केन्द्र प्रभारी का नाम,केन्द्र प्रभारी का दूरभाष/मोबाईल नंबर,नोडल अधिकारी का नाम,नोडल अधिकारी का दूरभाष/मोबाइल,जिला स्तरीय कन्ट्रोल रूम का नंबर,राज्य स्तरीय कन्ट्रोल रूम का नंबर,टोल फ्री CM हेल्पलाईन नंबर अंकित हो इस तरह की सभी जानकारी केंदों में नहीं दिखी जिससे किसानों को समर्थन मूल्य पर खरीदी जाने वाली धान के नियमों से किसान हमेशा अभिज्ञ रहे,तभी खरीदी केंद्रों के जिम्मेदार किसानों से लूट पाट कर सकेंगे और किसानों से लूटा हुआ पैसा आपने आका तक पहुंचा पाएंगे। सूत्र बता रहे है कि आठों समितियों के खरीदी केंद्र प्रभारियों के द्वारा किसानों को बताया जा रहा है कि अभी तक किसी भी वेयर हाउस की मैपिंग नहीं हो पाई है। सोमवार रात्रि तक मैपिंग होने की संभावना है।
इनका कहना है
जब इस संबंध में समिति प्रबंधक से बात की गई तो उन्होंने बताया कि अभी खरीदी केंद्रों की मैपिंग नहीं हुई है। जब मैपिंग होगी तभी किसानों की धान खरीदी के स्लॉट बुक होंगे।
रामस्वरूप रज़क समिति प्रबंधक सहसन,कटरा बेलखेड़ा,सकरा जिला सहकारी केंद्रीय बैंक पाटन



