जबलपुर टिमरी-बेनीखेड़ा टोल नाका बना अवैध वसूली,गुंडागर्दी का अड्डा: प्रशासन मौन

जबलपुर दर्पण पाटन ब्यूरो। जिला मुख्यालय से लगभग 10-12 किलोमीटर की दूरी पर जबलपुर से पाटन रोड पर टिमरी,बेनीखेड़ा में बने स्टेट हाइवे एमपीआरडीसी के टोल प्लाजा की एजेंसी एमपी.एसडी फोर्स प्राइवेट लिमिटेड नाके की शुरुवात हुए अभी सप्ताह भर भी नही हुआ और टोल कर्मों की अवैध वसूली चालू हो गई। 18 मई को लगभग 3.45 मिनिट पर वाहन क्र यूपी-42-बीटी-5056 का ड्राईवर जैसे ही टोल प्लाजा पर पहुंचा वैसे ही वाहन को बिना चैक करे उसकी हैवी वाहन की टोल पर्ची न 0000062 समय 15.24 मिनिट पर 140 रुपए वसूल कर लिए गए जबकि ड्राईवर टोल प्लाजा के कर्मचारियों को बताता रहा लेकिन उनके आगे ड्राईवर की एक नही चली। ड्राईवर को टोल प्लाजा कर्मी के अनुसार पैसा देना पड़ा। तभी टोल प्लाजा से गुजर रहे जबलपुर दर्पण के संवाददाता टोल प्लाजा कर्मी और ट्रक ड्राईवर के बीच विवाद होता देख रुक कर विवाद की जानकारी ली तो वाहन के ड्राईवर ने बताया कि टोल प्लाजा कर्मी द्वारा हैवी वाहन का शुल्क वसूला गया जबकि उक्त वाहन उस श्रेणी में नहीं आता गाड़ी के पेपर चैक करने के वाद टोल प्लाजा कर्मी ने अपनी गलती को मान कर ट्रक ड्राइवर का पैसा वापिस किया फिर टोल प्लाजा कर्मी द्वारा दूसरी पर्ची दी गई जिसका न 0000063 समय 15.27 मिनिट जब टोल कर्मी से टोल की परमिशन मांगी गई तो उनके द्वारा एमपीआरडीसी का बिना सील एव बिना अधिकारी के हस्ताक्षर के लेटर दिखाया गया,संदेह होने पर एमपीआरडीसी जबलपुर ऑफिस कॉल किया गया लेकिन फोन नही उठा। वही जब टोल प्लाजा कर्मी के आईडी कार्ड चैक किए गए तो उन पर भी न कर्मी की फोटो थी न उक्त कंपनी की सील और हस्ताक्षर थे। सारी घटना को देखते हुए उक्त टोल संदेह के घेरे में है कही एमपीआरडीसी तो फर्जी तरीके से एजेंसी के माध्यम से अवैध वसूली तो नही करा रहे है। जिला प्रशासन से ग्रामीणों की मांग है रोड़ किनारे टेंट लगा कर उक्त टोल संचालित करने वाली एजेंसी की जांच करे यह टोल प्रशासन के निर्देश पर ही संचालित हो रहा है तो कम्पनी को निर्देश दे की वाहनों से अवैध वसूली न करे यदि ऐसा करते हुए पाय जाते है तो उन पर सक्त कार्यवाही करे। यदि यह टोल शासन के बिना निर्देश के संचालित हो रहा है तो उन सभी दोषियों पर तत्काल कार्यवाही होना चाहिए।








