संस्कारधानी में हो खेल परिसर का निर्माण

र्स्माट सिटी में खेल परिसर का न होना संस्कारधानी की उपेक्षा
जबलपुर दर्पण। संस्कारधानी में एक खेल परिसर बनवाया जाए क्योंकि खेल परिसर के अभाव में संस्कारधानी के खिलाड़ी जूझ रहे हैं वहीं सबसे ज्यादा परेषानियों का सामना करना पड़ता है जब राष्ट्रीय या राज्यस्तरीय प्रतियोगिताएं शहर में आयोजित होती हैं। यही वजह है कि खिलाड़ियों में रोष व्याप्त है।
संघ ने आगे बताया कि खेल परिसर के अभाव में जब भी संस्कारधानी जबलपुर मे कोई भी राष्ट्रीय या प्रदेष स्तर की प्रतियोगिताएं होती हैं तो खिलाड़ियों को शासकीय स्कूलों में ठहरा दिया जाता है जिससे खिलाड़ियों को मूलभूत सुविधाएं नहीं मिल पाती खास कर महिला खिलाड़ियों के लिए चेंजिग रूम और बाथरूम की समस्या सामने आती है। वहीं दूसरी ओर खिलाड़ियों को खाने पीने की समस्या बनी रहती है। यदि खेल परिसर बन जाए तो सभी सुविधाएं खेल परिसर में होगी तो अन्य प्रदेषों से आने वाले खिलाड़ियों को किसी भी प्रकार की समस्याओं का सामना नहीं करना पड़ेगा, अतः खेल परिसर का निमार्ण संस्कारधानी जबलपुर में अतिआवश्यक है।
संघ के जिलाध्यक्ष-रॉबर्ट मार्टिन, राजू पहलवान, मीनूकांत शर्मा, जीवन लाल रजक, जियाउर्रहीम, राममूर्ति पिल्ले, तजिन्दर सिंह (टीटू), प्रदप पटेल, सुनील पटेल, शहीर मुमताज़, हेमंत ठाकरे, स्टेनली नॉबर्ट, राकेष श्रीवास, दिनेष गौंड़, राजकुमार यादव, सुनील यादव, ओमकार दुबे, लॉरेन्स मार्टिन, धनराज पिल्ले, कादिर अहमद, कुलदीप सिंह, मोदित रजक, बंटी रजक, दिनेष राव, नरेन्द्र रजक, दीनू स्वामी, जुबेर कुरेषी, भगवान सिंह, बॉबी खान, तेजभान सिंह, परमजीत सिंह, मुन्नालाल कतिया, निरन्जन ओझा, अशोक यादव आदि ने खेल मंत्री महोद्य मध्य प्रदेष शासन भोपाल से मांग की है कि संस्कारधानी जबलपुर में एक खेल परिसर का निमार्ण अवश्य कराया जाए।



