आजादी के परवानों को देश करे प्रणाम….

अंतर हितकारिणी सांस्कृतिक प्रतियोगिता का शुभारंभ
जबलपुर दर्पण। हम बच्चे हिंदुस्तान के, आजादी की खुली हवा में निकले सीना तान के, दोबारा जन्म जो मिले, भारत वतन मिले, आजादी के परवानों को देश करे प्रमाण और अगर देश के काम ना आए तो जीवन बेकार जैसे जैसे राष्ट्रगीतों को सुनकर पूरा हॉल तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। श्रोता और दर्शक जोश से भर उठे। मौका था शहीद स्मारक गोल बाजार के सेठ गोविंददास प्रेक्षागृह में हितकारिणी विद्या परिषद द्वारा आयोजित अंतर हितकारिणी सांस्कृतिक कार्यक्रम का, जिसमें हितकारिणी सभा द्वारा संचालित 23 से अधिक स्कूल, कॉलेजों के स्टूडेंट्स ने अपनी सहभागिता दी।
छात्रों ने मीरा बाई, कबीर और रहीम के भजनों का गायन कर वाहवाही लूटी। नंदलाल बसो मेरे नैनों में, भजो रे मन गोविंदा, पायो जी मैने रामरतन धन पायो, मुझे चरणों से लगा ले श्याम मुरली वाले, नाम हरि का जप ले बंदे, हरि आयो, सावन आयो, मतवालो सावन आयो रे… जैसे गीतों और भजनों को दर्शकों और श्रोताओं के साथ जजेज ने सराहा। इसके साथ हारमोनियम, तबले और बांसुरी की संगत ने भी वाहवाही लूटी।
मुख्य अतिथि नगर निगम की सहायक आयुक्त अंकिता जैन और अध्यक्षता रमेश कुमार श्रीवास्तव ने की। इस मौके पर हितकारिणी सभा विद्या परिषद के अध्यक्ष डॉ केके हूंका, उपाध्यक्ष इंद्रपाल जैन, सचिव शिवदत्त मिश्रा, अरविंद जैन, जयेश राठौर, संयोजक नरेश तिवारी, दिनेश ठाकुर, डॉ नीलेश पांडेय सहित विभिन्न स्कूल कॉलेजों के प्राचार्य, स्टाफ और स्टुडेंट्स उपस्थित रहे। निर्णायकों की भूमिका में प्रतिभा वर्मा, मिठाईलाल चक्रवर्ती और राजकुमार बेन रहे। मंच संचालन सुनील दुबे ने किया।



