7 साल बाद घर लौटा लापता बालक, परिजनों में खुशी

सीधी जबलपुर दर्पण । जिले के कुसमी थाना क्षेत्र के पोड़ी चौकी पुलिस ने 7 साल से लापता नाबालिग बालक को खोजकर उसके परिजनों से मिलवाने में बड़ी सफलता हासिल की है। लंबे अरसे बाद बेटे को देख परिजनों के चेहरों पर खुशी के आंसू छलक उठे। थाना प्रभारी कुसमी अरुणा द्विवेदी के मार्गदर्शन और पोड़ी चौकी प्रभारी डीके रावत के नेतृत्व में पुलिस टीम ने यह सराहनीय कार्य किया। पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार वर्ष 2018 में थाना कुसमी के अपराध क्रमांक 134/18 धारा 363 ताहि के तहत 13 वर्षीय नाबालिग बालक पुष्पराज सिंह पिता सोमेश्वर सिंह निवासी ग्राम कमछ, चौकी पोड़ी थाना कुसमी के गुमशुदा होने की रिपोर्ट दर्ज की गई थी। बताया गया कि पुष्पराज वर्ष 2018 में अपने गांव कोडार से बिना बताए घर से निकला और भदौरा रेलवे स्टेशन से ट्रेन पकडक़र कटनी पहुंचा। वहां से वह गुजरात चला गया और करीब एक माह तक वहीं रहा। इसके बाद वह मेरठ चला गया, जहां उसने लगभग छह वर्षों तक एक स्थान पर काम किया। हाल ही में वह भोपाल और इंदौर पहुंचा, जहां एमपी नगर स्थित एक होटल में कार्यरत था। पुलिस टीम ने लगातार प्रयास करते हुए बालक का पता लगाया और उसे सुरक्षित कस्टडी में लिया। चौकी प्रभारी डीके रावत ने बताया कि बालक की पहचान उसकी मां और भाई की उपस्थिति में पुराने निशानों और विशेष चिन्हों से कराई गई। पुष्पराज की मां ने उसे अपना पुत्र बताया और भाई पुष्पेंद्र सिंह ने भी पुष्टि की। इसके बाद पुलिस ने पहचान पंचनामा, दस्तयाबी पंचनामा और सुपुर्दगी पंचनामा तैयार कर बालक को परिजनों के हवाले कर दिया। परिजनों ने पुलिस के इस कार्य के लिए आभार व्यक्त किया और कहा कि उन्हें उम्मीद नहीं थी कि सात साल बाद उनका बेटा सकुशल लौट आएगा। कुसमी थाना प्रभारी अरुणा द्विवेदी ने कहा कि गुमशुदा व्यक्तियों की तलाश पुलिस की प्राथमिकता है और इस मामले में पोड़ी चौकी की टीम ने उत्कृष्ट कार्य किया है।


