सहकारिता विभाग के कर्मचारी उपेक्षित
सहकारी समिति कर्मचारी कलमबंद आंदोलन की राह पर

जबलपुर दर्पण । मध्यप्रदेश अधिकारी कर्मचारी संयुक्त संगठन के जिला अध्यक्ष दिलीप सिंह ठाकुर द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार सहकारिता विभाग के कर्मचारी वर्तमान में अपनी ज्वलंत समस्याओँ के निराकरण के लिए आर पार की लड़ाई के लिए तैयार हैँ और आंदोलनरत हैँ। ये कर्मचारी कलम बंद आंदोलन पर चले गए हैँ।
मध्यप्रदेश अधिकारी कर्मचारी संयुक्त संगठन के जिला अध्यक्ष दिलीप सिंह ठाकुर के अनुसार कर्मचारियों की प्रमुख मांगो में वर्ष 2019 में जारी सेवा नियमानुसार वेतनमान लागू किया जावे। मार्च 2021 में शासन द्वारा किये गए समझौते के अनुसार संस्थाओं के सहायक, प्रभारी प्रबंधक, लिपिक विक्रेतायें, कनिष्ठ विक्रेता, कम्प्यूटर ऑपरेटर, कैशियर, भ्रत्य, चौकीदार, तुलईया इत्यादि सभी कर्मचारियों को ग्रामीण सार पर कार्यरत शासकीय कर्मचारियों की भांति वेतनमान दिया जावे, जिसे तत्काल प्रभाव से लागू किया जावे। प्राइवेट उपभोक्ता मंदार स्व सहायता समूह, वन उपज समिति आदि को बदले भाव से प्रति क्विंटल के आदेश तत्काल जारी किये जायें। मध्यप्रदेश अधिकारी कर्मचारी संयुक्त संगठन के जिला अध्यक्ष दिलीप सिंह ठाकुर ने आगे बताया कि समस्त पेक्स सहकारी संस्थाएं, उपभोक्ता भंडार, स्व सहायता समूह, वन समिति के कलम बंद आंदोलन पर चले गए हैँ। सहकारिता कर्मचारियों के आंदोलन पर चले जाने से शासन की महत्वपूर्ण योजनाओं जैसे खाध्यान वितरण, ऋण वितरण, उपार्जन कार्य, ऋण वसूली इत्यादि कार्य पर बहुत असर पड़ेगा।जिससे आम नागरिक और किसानों को परेशानी होगी।मध्यप्रदेश अधिकारी कर्मचारी संयुक्त संगठन के दिलीप सिंह ठाकुर, निरंद सिंह ठाकुर, जी आर झारिया,ऋषि पाठक,भास्कर गुप्ता, अरविन्द विश्वकर्मा, विश्वनाथ सिंह, नितिन तिवारी, संजय उपाध्याय, सतीश खरे, दुर्गेश खातरकर, आकाश भील, सुल्तान सिंह, अजब सिंह, देवराज सिंह, इमरत सेन, लोचन सिंह, माधव पाण्डेय, आदेश विश्वकर्मा, राशिद अली, पुष्पा रघुवंशी, चंदा सोनी, शैलेश पंड्या, देव सिंह, मनोज सिंह, पवन सोयाम, अफ़रोज़ खान, सुरेंद्र परसते, रामदयाल उइके, रामकिशोर इपाचे, बहादुर पटेल, सुधीर गौर,अंजनी उपाध्याय, भोगीराम चौकसे,बैजनाथ यादव, आशीष विश्वकर्मा,चंद्रभान साहू, गंगाराम साहू, भोजराज विश्वकर्मा, एस बी रजक, रवि जैन, रवि केवट, आसाराम झारिया, समर सिंह, अनूप दहायत, आशीष कोरी, अम्बिका हँतिमारे, आर पी खनाल, रेनू बुनकर,गीता कोल, राजेश्वरी दुबे, सरोज कोल,ब्रजवती आर्मो, शबनम खान, प्रेमवती सोयाम,भोजराज विश्वकर्मा, महेश मेहरा, विष्णु झारिया, कल्पना ठाकुर, अर्चना भट्ट, सुमिता इंगले, अनूप दहायत, पंकज जैन, रवि केवट, गोपी शाह, अजय श्रीपाल, धर्मेंद्र परिहार, अजय श्रीपाल,राकेश मून,धनराज पिल्लै,संतोष श्रीवास्तव, संतोष चौरसिया,इत्यादि ने शासन प्रशासन से मांग की है,कि शीघ्र -अतिशीघ्र इन सहकारी समिति कर्मचारियों की जायज मांगो का शीघ्र अतिशीघ्र निराकरण किया जाये जिससे कि आम नागरिक एवं किसानो को परेशानी ना उठाना पड़े।



