जगद्गुरु शंकराचार्य जी द्वारा गौ रक्षों का विशेष सम्मान

जबलपुर दर्पण। परम पूजनीय भगवान श्री श्री कांची कामकोटि पीठाधीश्वर जगतगुरु श्री विजेंद्र सरस्वती महाराज जी ने किया श्री सुशील जसेले जी का विशेष स्वागत किया, स्वागत में श्री जसेले को शॉल एवं 108 मनको की रुद्राक्ष की माला भी भेंट की। राष्ट्रभक्ति विस्थापित जनकल्याण शिक्षण संस्थान के प्रांत प्रमुख गौ सेवक एवं रक्षक श्री सुशील जसेले जी ने श्री गुरु भगवान के चरणों में नमन किया एवं गौ रक्षा हेतु अपने कर्तव्य से गुरु जी को अवगत करवाया, श्री जसेले जी ने शंकराचार्य जी को बताया कि वह एवं प्रांत के समस्त स्वयंसेवक निस्वार्थ भाव से शहर एवं प्रदेश के समस्त सामान्य जन से जो गौ रक्षा हेतु सेवा राशि प्राप्त हो जाती है उसी के माध्यम से गौ सेवा एवं रक्षा का कार्य करते हैं, श्री जसेले जी ने यह भी बताया कि वह एवं स्वयंसेवक जन हिंदू धर्म की रक्षा एवं स्वजातीय बांधों के उत्थान कार्य हेतु हमेशा अग्रसर रहते हैं एवं जो भी सजातीय जन जिस भी प्रकार की सहायता उनसे मांगते हैं वह बिना किसी विलंब के उन्हे सहायता उपस्थित करवाने हेतु तत्पर रहते हैं जगतगुरु शंकराचार्य जी ने राष्ट्रभक्ति विस्थापित जनकल्याण शिक्षण संस्थान के समस्त पदाधिकारियों को आजीवन सहायता करने हेतु वचन दिया। श्री गुरु भगवान के चरणों में इस मिलन की घड़ी में स्वयंसेवकों में उपस्थित श्री चंद्रशेखर नायकर जी, डॉक्टर राजेंद्र पिल्ले जी, श्री प्रवीण महावर जी, श्री हनुमंत राव जी, श्री पंकज शुक्ला जी, श्री मंजू गिरी जी, श्री आनंद यादव जी, इंजीनियर ओमकार धुर्वे जी, श्री रखेंद्र पहलवान जी, श्री दिनेश अहिरवार जी, श्री मुकेश पटेल जी, श्री निक्की सोनकर जी, एवं श्री रवि कुशवाहा जी आदि। उपर्युक्त वाक्य श्री प्रमोद तिवारी जी संस्था के जिला अध्यक्ष राष्ट्रभक्ति विस्थापित जनकल्याण शिक्षण संस्थान द्वारा हमारे विशेष संवाददाता को बताया गया।



