अध्यात्म/धर्म दर्पणजबलपुर दर्पणमध्य प्रदेश

आचार्य श्री जिनसेन जी ने महापुराण के अड़तीसवें पर्व के प्रारम्भ

जबलपुर दर्पण। नित्य पूजन , चतुर्मुख पूजन , कल्पद्रुम पूजन और आष्ठनिका पूजन. कल्पद्रुम पूजन चक्रवर्ती राजाओ द्वारा किमिक्षिक दानपूर्वक वो विशाल पूजन किया जाता उसे कल्पद्रुम पूजन कहा जाता है श्री 1008 कल्पद्रुम महामण्डल विधान कल्पवृक्ष के सामान मुँहमाँगा फल देता है . भक्त को अगर इच्छापूर्ति करना हो तो कल्पद्रुम चौबीसी समावशरण विधान कर लेना ।विघ्न बाधाओं को जीवन में न आने देना हो तो ये विधान ही एक उपाय है । 1008 कल्पद्रुम महामण्डल विधान के मुख्य पात्रो का चयन मंगलवार 19 दिसंबर 2023 को विद्यासागर सभा भवन “लाखा भवन “जबलपुर में प्रातः 8 बजे से , परम श्राध्देय आध्यात्म शिरोमणि आचार्य भगवन 108 विद्यासागर महाराज के परम आशीर्वाद से वात्सलयमयी माँ 105 आर्यिका आदर्शमती माता जी एवं 105 आर्यिका दुर्लभमति माता जी ससंघ सानिध्य में प्रतिष्ठाचार्य बाल ब्रम्हचारी अशोक भैया इंदौर की उपस्तिथि में संपन्न हुआ, 1008 कल्पद्रुम महामण्डल विधान के सौधर्म इंद्र इंद्राणी बनने का परम सौभाग्य जबलपुर के प्रतिष्ठित व्यवसायी परिवार एस सी जैन होजरी के संचालक श्रीमान सुनील जैन श्रीमती प्रतिभा जैन को प्राप्त हुआ 1008 कल्पद्रुम महामण्डल विधान के मुख्य पात्र चयन के आयोजन में जबलपुर पंचायत सभा के अध्यक्ष कैलाश जैन ,मान शैलेश चौधरी , प्रदीप जैन HB , प्रदीप जैन रद्दी , राज कुमार जैन , अमित पड़रिया , शैलेश जैन मिंकू , अनिल नायक , सनत जैन, चक्रेश जैन पन्नी ,विनय जैन , सुशील मोदी (इंडिया बुक रिकॉर्ड धारक) राजू सोधिया , अशोक जैन मेनका आदि गणमान्य नागरिक उपस्तिथ थे

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

You cannot copy content of this page

situs nagatop

nagatop slot

kingbet188

slot gacor

SUKAWIN88