जबलपुर दर्पणमध्य प्रदेश

विश्व जल दिवस पर तृतीय जल संसद का आयोजन

जबलपुर दर्पण। विश्व जल दिवस पर तृतीय जल संसद एवं सम्मान समारोह का आयोजन 22 मार्च 2024 प्रातः 11.30 बजे हीरालाल कला वीथिका,रानी दुर्गावती संग्रहालय, जबलपुर में किया जा रहा है। कार्यक्रम का आयोजन जल संरक्षण मंच, महाकोशल वाटर एंड रिवर कंर्जेवेशन फोरम,नर्मदा समग्र,जल स्रोत संरक्षण प्रकोष्ठ और मां नर्मदा प्रदूषण नियंत्रक विकास समिति संयुक्त रुप से कर रही हैं। जल संरक्षण मंच के अध्यक्ष विनोद शर्मा ने बताया कि,जल संसद में प्रतिभागियों द्वारा सुझाए गए उपायों को जल संरक्षण एवं जल स्रोत संरक्षण के लिए म.प्र.सरकार को प्रेषित किया जाएगा।जल संसद में जल संरक्षण के लिए एक  रेजोल्यूशन पास किया जाएगा।इस बार के जल संसद में जल संरक्षण के लिए कार्यरत सभी
हितलाभधारियों को एक मंच में लाने का प्रयास किया गया है। विद्यालीन छात्रों को विशेष रूप से आमंत्रित किया गया है।
इस अवसर पर पर्यावरण,जल संरक्षण और समाज कल्याण के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य करने वाले संस्थानों और व्यक्तियों को सम्मानित किया जाएगा।

हर साल 22 मार्च को वैश्विक स्तर पर जल दिवस मनाया जाता है। इस दिन को मनाने की शुरुआत 1993 में हुई थी।
जल दिवस का इतिहास वर्ष 1992 में ब्राजील के रियो डि जेनेरियो में पर्यावरण और विकास के मुद्दे पर संयुक्त राष्ट्र ने एक सम्मेलन का आयोजन किया। उसी दिन विश्व जल दिवस मनाने की पहल की गई। बाद में 1993 में पहली बार विश्व जल दिवस मनाया गया। तब से हर साल 22 मार्च को विश्व जल दिवस मनाया जाने लगा। वहीं वर्ष 2010 में संयुक्त राष्ट्र मे सुरक्षित, स्वच्छ पेयजल एवं स्वच्छता के अधिकार को मानवाधिकार के रूप में मान्यता दी।

विश्व जल दिवस 2024 की थीम-प्रतिवर्ष जल दिवस की एक खास थीम निर्धारित की जाती है। इस वर्ष विश्व जल दिवस 2024 की थीम ‘शांति के लिए जल का लाभ उठाना’ (Leveraging Water for Peace)है। इस थीम के जरिए यह संदेश दिया जा रहा है कि जब समुदाय और देश इस बहुमूल्य साझा संसाधन पर मिलकर सहयोग करते हैं तो पानी शांति का एक उपकरण बन सकता है।

जल दिवस का महत्व-जल के बिना जीवन की कल्पना नहीं की जा सकती, ऐसे में यह कथन सटीक है कि ‘जल ही जीवन है’। विश्व में कई जगहों पर पानी की कमी बनी रहती है। विकास के लिए तेजी से बढ़ रही फैक्ट्रियां और जनसंख्या के कारण जो पानी के सीमित संसाधन है, उन पर नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है और पानी का जरूरत से ज्यादा उपयोग हो रहा है। जाने अनजाने पानी की बर्बादी और जल प्रदूषण के कारण लोग पानी की कमी का सामना कर रहे हैं। इसी समस्या से विश्व को अवगत कराने, पानी की बर्बादी को रोकने, जल को प्रदूषित होने से बचाने के लिए विश्व जल दिवस मनाया जाता है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

You cannot copy content of this page

situs nagatop

nagatop slot

kingbet188

slot gacor

SUKAWIN88