एसपी कार्यालय में कांग्रेस का विरोध प्रदर्शन

जबलपुर दर्पण। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी के खिलाफ दर्ज झूठी FIR के विरोध में मंगलवार को जबलपुर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने एसपी कार्यालय के सामने जोरदार प्रदर्शन किया। विरोध जताते हुए कांग्रेसजनों ने पुलिस प्रशासन मुर्दाबाद के नारे लगाए, एसपी का पुतला जलाया और पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए।
ज्ञापन लेने नहीं पहुंचे एसपी, कांग्रेस का फूटा गुस्सा
कांग्रेस कार्यकर्ताओं का आरोप है कि वे जिला कांग्रेस कमेटी के नेतृत्व में एसपी को ज्ञापन देने पहुंचे थे, लेकिन एक घंटे से ज्यादा इंतजार के बावजूद एसपी ने उनसे मिलने से इनकार कर दिया। कांग्रेसजनों ने दावा किया कि एसपी कार्यालय में ही मौजूद थे, फिर भी वे चार सीढ़ियां नीचे नहीं उतरे। इससे नाराज़ कार्यकर्ताओं ने इसे “तानाशाही रवैया” करार दिया और नारे लगाए –
“एसपी साहब सत्ता के गुलाम हैं, लोकतंत्र का गला घोंटा गया है!”
पुलिस कार्रवाई से भड़के कार्यकर्ता
शांतिपूर्वक विरोध कर रहे बुजुर्ग, युवा और महिला कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने “रघुपति राघव राजा राम” जैसे भजन गाकर अपनी बात रखनी चाही, लेकिन पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया। कांग्रेस ने इसे विपक्ष की आवाज दबाने का अलोकतांत्रिक तरीका बताया। गिरफ्तार कार्यकर्ताओं को बाद में थानों में भेजा गया।
पुतला दहन कर जताया विरोध
आक्रोशित कांग्रेसजनों ने एसपी का प्रतीकात्मक पुतला फूंका और बाद में आईजी कार्यालय जाकर वरिष्ठ अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा।
कांग्रेस का ऐलान – लड़ाई जारी रहेगी
जिला कांग्रेस ने स्पष्ट किया कि यह लड़ाई सिर्फ जीतू पटवारी के सम्मान की नहीं, बल्कि लोकतंत्र की रक्षा की है। कांग्रेस ने एलान किया कि वह सड़क पर भी लड़ेगी और सदन में भी।
प्रमुख मांगें –
- प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी के खिलाफ दर्ज झूठी FIR तत्काल निरस्त की जाए।
- जबलपुर पुलिस प्रशासन की कार्यशैली की उच्च स्तरीय जांच हो।
- विरोध करने पर कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी को लेकर जवाबदेही तय की जाए।
इस विरोध प्रदर्शन में जिला कांग्रेस अध्यक्ष, महिला कांग्रेस पदाधिकारी, युवक कांग्रेस, एनएसयूआई, सेवादल, पिछड़ा वर्ग प्रकोष्ठ सहित सैकड़ों कार्यकर्ता शामिल रहे।



