एक्सीडेंट में गंभीर घायल वन कर्मचारी, एक की हुईं मौत

मनीष श्रीवास जबलपुर दर्पण । जबलपुर जिले के ग्रामीण अंतर्गत आने वाले कुण्डम थाना क्षेत्र के सातम झिर मार्ग पर अज्ञात वाहन की टक्टर से वन रक्षक की मौत हो गई हैं वहीं डिप्टी रेंजर गम्भीर हालत में घायल होने पर उन्हें जबलपुर रेफर किया गया था। जिनका निजी अस्पताल में उपचार जारी हैं।
सोमवार को देर शाम वन अधिकारी हाल चाल जानने पहुंचे निजी अस्पताल। विगत दिवस हुऐ एक्सीडेंट में वन रक्षक अघनू सिंह ड्यूटी कर घर वापिस लौट रहे थे। तेज रफ्तार अज्ञात वाहन के ढलान स्थान पर आमने सामने अचानक हादसे में जान चली गई। स्थानीय लोगों ने तत्कालीन उसकी जानकारी वन विभाग को दी। और घायल डिप्टी रेंजर को जबलपुर इलाज के लिए रेफर किया।घटना – बीट क्षेत्र झिरिया में पदस्थ वनरक्षक अघनु सिंह कड़ोपे का रविवार की देर शाम को बीट में भ्रमण के बाद वापस घर लौटने के दौरान वाहन टक्कर से आकस्मिक निधन हो गया है । साथ ही इसी दुर्घटना में वन परिक्षेत्र सहायक कुण्डम सुमेरी लाल राजपूत गंभीर रूप से घायल हो गए थे। जिनको इलाज के लिए जबलपुर रेफर किया गया है निजी अस्पताल में इनका उपचार जारी हैं।
एक्सीडेंट सड़क दुर्घटना में मुआवना –सड़क दुर्घटना में मृत्यु होने पर मिलने वाला मुआवजा सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय द्वारा लागू की गई। हिट एंड रन मुआवजा योजना के तहत ₹2 लाख रुपए तक की राशि है। यह उन मामलों में लागू होता है जहाँ टक्कर मारने वाले वाहन की पहचान नहीं हो पाती है। अगर वाहन की पहचान हो जाती है, तो फिर बीमा कंपनी या दुर्घटनाग्रस्त वाहन के मालिक के खिलाफ कोर्ट में दावा (MACT मामला) दाखिल किया जाता है। जिससे पीड़ित को उचित लाभ प्राप्त हो सकें।


