कोरोना काल के समय में चलता रहा विकास का सफर

भारतीय जनता पार्टी ने दी विकास की जानकारी।
जबलपुर। प्रदेश की कमलनाथ सरकार के गिरने के बाद जब से भारतीय जनता पार्टी ने प्रदेश की कमान संभाली है। विकास में भी गति पकड़ी है। प्रदेश ने कोरोनाकाल की विषम परिस्थितियों में भी विकास की नई इबारत लिखी है। यह जानकारी पत्रकार वार्ता के दौरान भारतीय जनता पार्टी के नेताओं ने साझा की।
पत्रकार वार्ता के दौरान मध्य प्रदेश सरकार के पूर्व स्वास्थ्य मंत्री शरद जैन ने बताया कि प्रदेश में केवल 3 टेस्टिंग लैब थी। जिनकी क्षमता 300 प्रतिनिधी परंतु सरकार ने इन लैब की संख्या 32 कर दी और अब टेस्टिंग 33000 से अधिक की हो रही है। इसी प्रकार कोरोनावायरस जनरल बेड, आक्सीजन बेड, आईसीयू को लेकर अफरा-तफरी का वातावरण था। लेकिन सरकार ने सरप्लस काम करके दिखाया है। आज जनता के पास 3.5 लाख पीपीई किटऔर 3.74 से अधिक टेस्टिंग किट उपलब्ध है। कोरोनावायरस काल में सरकार और संगठन ने जिस तरह सक्रियता से काम किया और संवेदनशीलता के साथ काम किया। उसकी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सराहना हुई है। जिन लोगों ने करोना के विरोध लड़ाई लड़ी। उनको सम्मानित करते हुए 13 करोड़ की राशि प्रदान की गई है। भाजपा सरकार ने प्रवासी मजदूरों की स्क्रीनिंग, भोजन,राशन,दवाई, रोजगार और परिवहन के इंतजाम किए। सरकार ने प्रवासी मजदूरों को ₹15 करोड़ 50 लाख की राशि और निर्माण श्रमिकों को 177 करोड़ की राशि बांटी। साथ ही मध्य प्रदेश में बाहर से रोजगार छोड़कर आए श्रमिकों के लिए श्रृमसिद्धि अभियान चलाया गया।
इस अवसर पर शरद जैन के साथ संपूर्ण तिवारी रविंद्र पचौरी और भाजपा नेता मौजूद रहे।



