सामाजिक दर्पण सोशल मिरर फाउंडेशन का राष्ट्रीय अधिवेशन सम्पन्न

जबलपुर दर्पण। सामाजिक दर्पण सोशल मिरर फाउंडेशन की पटना के विद्यापति भवन में राष्ट्रीय अधिवेशन आयोजित किया गया। अधिवेशन में कवि, गीतकार व समीक्षक डॉ. रत्नेश्वर सिंह द्वारा रचित तीन पुस्तकों ‘सूखे पत्तों की पीड़ा’, ‘समकालीन साहित्यिक परिदृश्य’ और ‘संघर्ष का पर्याय शकुंतला तोमर’ का विमोचन किया गया। ‘सूखे पत्तों की पीड़ा’ डॉ. सिंह की समकालीन कविताओं एवं गीतों का संकलन है, ‘समकालीन साहित्यिक परिदृश्य’ में समीक्षाएँ तथा आलोचनाएँ संकलित हैं, ‘संघर्ष का पर्याय शकुंतला तोमर’ शीर्षक कृति में आदरणीया शकुंतला तोमर के संघर्ष, सामाजिक कार्यों एवं साहित्यिक सरोकारों को रेखांकित किया गया है। काव्यकृति ‘सूखे पत्तों की पीड़ा’ की भूमिका लेखक व कार्यक्रम के मुख्य अतिथि डॉ. विजय तिवारी ‘किसलय’, जबलपुर ने सभी कृतियों तथा कृतिकार के व्यक्तित्व-कृतित्व पर विस्तृत प्रकाश डालते हुए कहा कि डॉ. रत्नेश्वर सिंह की रचनाओं में नीकेपन की संपृक्तता है। इस अवसर पर संस्थापिका शकुंतला तोमर, राष्ट्रीय सचिव धर्मेंद्र सिंह तोमर, डॉ उषा कुमारी, डॉ महेंद्रनाथ अलंकार, संजीव कुमार, डॉ. रत्नेश्वर सिंह उपस्थित रहे।



