मध्यान्ह भोजन मेनू के आधार पर नहीं मिलता

मौखिक आदेशों पर चल रहा कामकाज
जबलपुर दर्पण। मध्य प्रदेश अधिकारी कर्मचारी संयुक्त संगठन के जिला अध्यक्ष दिलीप सिंह ठाकुर के द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार मध्यप्रदेश शासन स्कूल शिक्षा विभाग एवं आदिम जाति कल्याण विभाग शालाओं में शैक्षणिक गुणवत्ता में उत्तरोत्तर वृद्धि हेतु सतत निगरानी कर रही है। ये एक अच्छी पहल है क्योंकि शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार में शिक्षकों/शिक्षिकाओं,पालकों/अभिभावकों और छात्र -छात्राओं का मनोबल अहम भूमिका निभाते हैं परन्तु मध्य प्रदेश शासन की कल्याण कारी योजनाएं स्कूलों में समय पर नहीं पहुंच पा रही हैं। सभी को ज्ञात है कि राज्य शिक्षा केंद्र भोपाल के द्वारा दिसंबर 2021 के पहले शाला प्रबंधन समिति के बैंक खातों को बंद कर दिया गया था उन खातों की शेष राशि भी राज्य शिक्षा केंद्र भोपाल के एक बैंक खाता में चेक के माध्यम से ले ली गई थी तब से अब तक शाला प्रबंधन समिति के बैंक खातों को संचालित करने की कवायद चल ही रही है।अभी तक बैंक खातों को संचालित नहीं किया गया है और एकीकृत शाला निधि सहित अन्य राशियों से भी शालाएं वंचित है।सभी संस्था प्रधान विभिन्न तरीके से उधारी लेकर शाला प्रबंधन की सामग्री जुटा रहे हैं उधारी का कोई अधिकृत आदेश भी सरकार ने जारी नहीं किया है। संगठन के दिलीप सिंह ठाकुर, ऍम एल पटेल,जी आर झारिया, राकेश मून, ऋषि पाठक, अफ़रोज़ खान,दुर्गेश खातरकर ने मांग की है।



