उस्ताद नज़्र निजामी अध्यात्म शायरी के प्रणेता : डॉ चन्द्र भान ख्याल

जबलपुर दर्पण। साहित्य अकादमी और गुलशन,-ए-अदब जबलपुर के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित एक दिवसीय सेमिनार उस्ताद नज़्र निजमी की फन और शखिसयत का उद्घाटन श्री एस के मुददीन ने किया। अध्यक्षता चंद्र भान ख्याल ने की। डॉक्टर महताब आलम, डाक्टर जलीलुररहमा, डा बिलकीस जहां,डा एम एल बहोरिया अनीस,बद वासती , मुस्तकीम रजा,डा अशफाक आरिफ, सुश्री स्तुति अग्रवाल,ने अपने वक्तव्य प्रस्तुत किये। शुरुआत में बाबू अनवर निजामी,शेख निजामी, शकील साजिद,शफीक अंसारी ने अतिथियों का स्वागत किया।द्वितीय चरण में मुशायरा डा अली अब्बास उम्मीद की अध्यक्षता में तथा मुख्य अतिथि जनाब मतीन अंसारी ने उद्घाटन किया मुशायरा में चन्द्र भान ख्याल, मेहताब आलम, बाबू अनवर निजामी, शेख निजामी,सिराज आगाजी, शकील दिलकश,मोलवी रियाज आलम,राशिद राही,एम एल बहोरिया अनीस ने अपना कलाम पेश किया। अंत मे आभार प्रदर्शन शफीक अंसारी ने किया।



