गरीब की थाली से रोटी गायब:सरपंच,सचिव भूखे पेट करा रहे ग्रामीणों को कसरत

जबलपुर दर्पण पाटन ब्यूरो। देश में अमृतकाल चल रहा है। जिससे तहत शासन की अनेक योजनाएं प्रदेश में चल रही है। वही पाटन ब्लाक की लगभग 45 ग्राम पंचायत को कसरत करने जिम की किट जिसकी कीमत लगभग एक लाख पांच हजार रूपए यह राशि विधायक निधि से उपलब्ध कराई थी। अब सवाल उठता है पाटन ब्लाक में 83 ग्राम पंचायत है जबकि जिम का सामान सिर्फ लगभग 45 पंचायत को दिया है जिनके नाम बिलखरवा, भिड़की, ककरेटा, पड़रिया व्योहारी, घरेरा, लुहारी सूखा, पौड़ी उड़ाना, गुरुपिपरिया, नुनसर, पौड़ी काटी, कूड़ा, पौड़ी कला, पौड़ी राजघाट, पड़रिया भमक, ग्वारी, आरछा, सहशन, धनेटा, हरदुआ, मड़वा, सकरा, लुहारी काटी, मोहला, रियाना, कैथरा, महुआखेड़ा, सहसन पड़रिया, बड़ौदा छेड़ी, आगासोद, छेड़ी, बड़ौदा हडा, खजरी, दोनी, भिलोदा, माला कला, कटरा बेलखेड़ा, सरोंद, दिधोरा, थाना, मादा, कैमोरी, जमुनिया, डुगरिया, बोरिया इसके साथ और भी अन्य गांव को जिम का सामान विधायक निधि से दिया गया है। बाकी पंचायत को इसका लाभ क्यों नहीं मिला इसका जवाब विधायक निधि देने वाले ही दे सकते है। या फिर उन पंचायत में रहने वाले लोग हष्ट पुष्ट एवं स्वस्थ न रहे, शायद राशि जारी करने वाले या फिर उनके अधीनस्थ जनप्रतिनिधि यही चाहते होगे तब तो उन पंचायत को इसका लाभ नहीं दिया या फिर उन पंचायत के सरपंच, सचिव ने विधायक निधि राशि का कमीशन देने से मना किया होगा जिसके कारण उन पंचायत को जिम खरीदी के लिए राशि उपलब्ध नहीं कराई गई। खैर कारण जो भी हो जनता जवाब चाहती है उनके साथ भेद भाव क्यों किया जा रहा है।
अधिक दर से खरीदी सामग्री एवं भुगतान में गड़बड़ी:- अभी तक विधायक निधि से जिम के समान का जो भुगतान किया गया है वह भी संदेह को जन्म देता है। चुकी विधायक निधि की राशि सीधे पंचायत के खाते में आना थी एवं संबंधित पंचायत के सरपंच सचिव उक्त सामान खरीदी करते। लेकिन ऐसा नहीं हुआ पाटन जनपद ने सीधे खरीदी करके दिनांक 3/01/22 राशि 7 लाख बिल/वाउचर न 86 भुगतान तारीख 04/01/22 वेण्डर का नाम एलिट स्पोर्ट्स एंड फिटनेस विजय नगर जबलपुर को कर दिया वही एक अन्य भुगतान बिल न 03 भुगतान तारीख 21/04/22 राशि 690233 रूपए का भुगतान भी किया था जबकि यह राशि पंचायत के खाते में आना थी उसके बाद ही पंचायत अपने स्तर पर उक्त समान खरीदी कर वेण्डर को भुगतान करते जो नियम अनुसार था। इस भुगतान के लिए लंबे समय से जमे आंगदो से लेकर प्रभावशाली लोग शामिल है जिनके इशारे पर इस राशि का बंदर वाट किया गया जबकि बाजार में सप्लाई की गई मशीन महज 15 हजार से लेकर 22 हजार रूपये में आसानी से मिल जाएगी यदि हम डमवल की बात करे तो 70 रुपए से लेकर 110 रुपए केजी की दर से आपको डमवल बाजार में मिल जाएंगे। जिम किट में एक मशीन के साथ में 8 जोड़ी डमवल 2 नग 2.50 kg, 3 नग 5 kg, 3 नग 10 kg दिए थे। यह जिम किट आपको बाजार में 30 से 35 हजार रु में आसानी से मिल जाएगी लेकिन वेण्डर को 105000 रु प्रति किट की दर से भुगतान किया गया अब सवाल उठता है जब बाजार में वही समान कम दाम में मिल रहा है तब किसके कहने पर ऊंची दरों पर खरीदी करके जनता के टैक्स के पैसे में सेंध लगाई गई उसका चेहरा भी समय रहते बेनकाब होना चाहिए।
जिम की सामग्री पंचायतों से लापता :- जिम का कुछ सामान भाजपा कार्यकर्त्ता के घरों में कैसे पहुंचा यह बेहद गम्भीर मामला है। कुछ दबंग कार्यकर्त्ता ने उक्त समान इधर उधर कर दिया, जब मीडिया ने जिम के समान वितरण एवं संचालन की जांच की तो पता चला कि कुछ सरपंच सचिव को इसकी जानकारी ही नहीं है। कुछ ने बताया भाजपा नेता के घर में रखा है। कुछ ने समान लिया ही नहीं सिर्फ पैसे का ट्रांजैक्शन किया गया इस पूरे गड़बड़ घुटाले की निष्पक्ष जांच होना चाहिए एवं उक्त सामग्री का जिला कलेक्टर के मार्गदर्शन में मूल्यांकन कर जो भी अधिक राशि की पेमेंट की गई है उसकी वेण्डर से रिकवरी कर इस खेल में जो भी दोषी पाए जाते है उन पर कड़ी से कड़ी कार्यवाही होनी चाहिए।
क्या अपने कार्यकर्ता को उपकृत करने बनी थी योजना:-विधायक निधि का पैसा प्रदेश की जनता के खून पसीने की कमाई से दिए गए टैक्स के पैसे से आता है। जो हमारे प्रदेश के विकास के लिए विधायक निधि के माध्यम से जनता से जुड़ी योजनाओं के क्रियान्वयन में खर्च किया जाता है। पाटन जनपद में लंबे समय से जमे आंगदो ने कुछ लालची जनप्रतिनिधि के सहयोग से उसी में सेंध लगा दी। ग्रामीणों की प्रमुख मांग है विधायक निधि से जितनी राशि जारी हुई है एवं वेण्डर द्वारा सप्लाई की गई सामग्री की जांच कर उसे पंचायत भवन में रखकर जिम का संचालन का निर्देश जारी करे। जिससे पाटन की गरीब जनता जिनकी थाली से 4-5 माह से सरकारी राशन दुकान से गेंहू नहीं मिला है और उनकी थाली से रोटी गायब है वह खाली पेट कसरत करके अपनी बाडी बना सके और आगामी विधानसभा चुनावों में एक बार फिर से विकास पुरुष को भारी मतों से विजय बना सके.!

