एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट लागू करने के संबंध में याचिका पेश

जबलपुर दर्पण। आज अखिल भारतीय संयुक्त अधिवक्ता मंच भारत के राष्ट्रीय अध्यक्ष चंद्र कुमार वलेजा ने माननीय उच्चन्यायालय जबलपुर के समक्ष एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट लागू करने के संबंध में निर्देश जारी करने हेतु याचिका पेश की है।श्री वलेजा ने बताया है कि विगत वर्षों से अधिवक्ताओं पर हमले निरंतर बढ़ रहे हैं और वर्तमान परिस्थतियों में हर दिन कहीं न कहीं अधिवक्ताओं पर हमलों की खबरें अखबारों तथा न्यूज चैन लों निरन्तर आती रहती हैं जिससे अधिवक्ताओं की सुरक्षा का प्रशासन द्वारा इंतजाम किया जाना अत्यंत आवष्यक हो गया है।याचिका में यह भी बताया गया है कि मध्य प्रदेश शासन द्वारा वर्ष 2012 में ‘‘वकील पंचायत’’ में पूरे प्रदेश में एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट को लागू करने की घोषणा की गई थी। वर्षों तक इस पर कोई कार्यवाही नहीं हुई और अचानक वर्ष 2018 में मुख्यमंत्री महोदय द्वारा उक्त कानून लागू करने के संबंध में अधिसूचना जारी करने का वादा कि था। परंतु वर्ष, 2018 से अब तक उक्त विषय में कोई प्रगति नहीं हुई। इस संबध मे याचिकाकर्ता श्री वलेजा ने अपनी संस्था अखिल भारतीय संयुक्त अधिवक्ता मंच के माध्यम से माननीय मुख्यमंत्री को अनेकों पत्र लिखे तथा प्रदेश के प्रत्येक तहसील और जिले मेे वकीलों ने क्रमशः जिलाधीश एवं तहसीलदार को ज्ञापन भी दिये।सचिव, विधि एवं विधायी विभाग, विन्ध्यांचल भवन, भोपाल के माध्यम से भी ज्ञापन दिये गए। याचिकाकर्ता के पत्रों के उत्तर में प्रशासन द्वारा बार-बार यही आश्वस्त किया जाता रहा कि उक्त अधिनियम लागू करने के संबंध में कार्यवाही की जा रही है और प्रक्रिया में है। याचिकाकर्ता की ओर से दीपक पंजवानी, राजेश पंजवानी, नेहा भाटिया और मनोज सनपाल ने पैरवी कर रहे हैं।



