दोषी टी आई सस्पेंड करके कानून की रक्षा करें पुलिस प्रशासन

जबलपुर दर्पण। अंतरराष्ट्रीय बजरंग दल के राष्ट्रीय महामंत्री पं कन्हैया रामकृष्ण तिवारी ने मुख्यमंत्री एवं मुख्य न्यायाधीश मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय से मांग कर कहा है कि ये लाइन अटैच के बहाने टी आई को दारू पीकर खुले आम गुंडागर्दी करने का लाइसेंस है, यही कहीं कोई सामान्य नागरिक होता तो क्या ऐसे ही समझौते की कार्रवाई करते कि दोषी को जेल भेजा जाता,शराब पीकर गाली बकने और शासकीय पद पर कार्यरत रहते नियमों को तोड़ने कि मैं टी आई हूं मेरा कौन क्या कर लेगा कि धमकी देने व अन्य धारा लगायें। वैसे हेलमेट चैकिंग के नाम पर सख्त हो जाते हैं नियम कायदे कानून बताते हैं लेकिन पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए कोई कानून नहीं। कानून सिर्फ आम जनता और नेताओं के लिए ही होता है क्या ? इन प्रशासनिक अधिकारियों के लिए नहीं बल्कि ये शासकीय पद पर रहते ज्यादा जवाबदार है। जबकि सत्तारूढ़ पार्टी के नेतागणों पर भी कार्रवाई हो जाती है लेकिन इन बिल्कुल नहीं, अभी एक पुलिस आरक्षक को भी लाइन अटैच किया सस्पेंड नहीं ?



