पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी की आरडीएसएस पर दो दिवसीय कार्यशाला प्रारंभ

जबलपुर दर्पण। मध्यप्रदेश पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के मैदानी अभियंताओं के लिए रिवेम्पड डिस्ट्रीब्यूशन सेक्टर स्कीम;संशोधित वितरण क्षेत्र योजनार आरडीएसएस विषय पर केन्द्रित दो दिवसीय कार्यशाला हुई। कार्यशाला का उद्घाटन पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के प्रबंध संचालक अनय द्विवेदी ने करते हुए कहा कि देश में यह अपनी तरह की पहली कार्यशाला है। जिसमें मैदानी अभियंताओं के साथ सभी कांट्रेक्टरों की सहभागिता सुनिश्चिरत की गई है। उन्होंने कहा कि दो दिवसीय कार्यशाला के आयोजन का उद्देश्य कार्य करने वाली एजेंसियों की भूमिका व जिम्मेदारियों को समझाना है। कार्यशाला में पूर्व क्षेत्र कंपनी के मैदानी अभियंता अपनी भूमिका को भी समझेंगे।
पूर्व क्षेत्र कंपनी में आरडीएसएस में क्या काम होंगे.पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी की आरडीएसएस की परियोजना लागत 10000 करोड़ रूपए हैए जिसमें से 3000 करोड़ रूपए की स्मार्ट मीटर परियोजना है। कंपनी के चार क्षेत्रों जबलपुरए सागरए रीवा व शहडोल क्षेत्र में इस परियोजना के अंतर्गत 55 लाख मीटरीकृत उपभोक्ताओं के परिसर में तीन वर्षों में चरणबद्ध तरीके से स्मार्ट प्रीपेड मीटर लगाए जाएंगे। कंपनी क्षेत्र में विद्युत अधोसंरचना का विकासए विद्यमान विद्युत अधोसंरचना का नवीनीकरण व सुदृढ़ीकरण कार्य क्रियान्वितत किए जाएंगे। इसके अलावा पूर्व क्षेत्र कंपनी के आईटी व ओटी ;ऑपरेशनल टेक्नॉलाजीद्ध एप्लीकेशन का आधुनिकीकरण व उन्नयनीकरण कार्य किए जाएंगे। इन कार्यों के पूर्ण होने से इसका सीधा लाभ उपभोक्ताओं को मिलेगा।
पूर्व क्षेत्र कंपनी के कार्यों पर लगी मुहर.आरडीएसएस के कार्यों का मूल्यांकन केन्द्र सरकार का विद्युत मंत्रालय प्रतिवर्ष करेगा। इसके मापदंड निर्धारित रहेंगे। वि़द्युत मंत्रालय आरडीएसएस का अगला अनुदान विद्युत वितरण कंपनियों के कार्यों व प्रदर्शन के आधार पर जारी करेगा। यदि मापदंड के अनुरूप कार्यों का निष्पादन नहीं होगा तो अनुदान ऋण के रूप में परिवर्तित हो जाएंगे। गत दिवस केन्द्रीय विद्युत मंत्रालय ने वर्ष 2021.22 के लिए पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के कार्यों का मूल्यांकन कर अपनी स्वीकृति दी है।



