पदोन्नति के बाद की जाए नई भर्तियां

जबलपुर दर्पण । मध्य प्रदेश जागरूक अधिकारी कर्मचारी संगठन के जिलाध्यक्ष रॉबर्ट मार्टिन ने एक प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से बताया कि लोक शिक्षण संचालनालय की मनमानी के चलते जहां उच्च पद हर वर्ष 50 पदोन्नति से भरे जाने का प्रावधान है और शेष रिक्त पद सीधी भर्ती से भरे जाने का प्रावधान है उस पर विभाग खरा नहीं उतर रहा है बल्की विभाग द्वारा मनमानी की जा रही है आलम यह है कि जिले स्तर के माध्यमिक और उच्च पदों को या तो स्थानांतरण के नाम पर भर दिया जाता है या फिर सीधी भर्ती से भर दिया जाता है। एक ओर पदोन्नति पर रोक लगे होने से हजारों पद पदोन्नति से भरे जाने हेतु रिक्त पड़े हैं परंतु षिक्षा विभाग की दकियानूसी नीति के चलते उन पदों को सीधी भर्ती से भरे जाने का प्रचलन सा चल गया है।
संघ ने बताया कि यहां तक कि वर्षों से पदोन्नति नहीं हुई है वर्ष 2018 में विज्ञापन जारी कर भर्तियां की गई वहीं भर्ती अभी हो भी नहीं पाई है और वाहवाही के चलते आला अफसरों के द्वारा पुनः नई नियुक्ति हेतु विज्ञापन जारी कर आनन फानन में भर्ती परीक्षा आयोजित कर दी गई। जबकि पदोन्नति के बाद शेष पद नई नियुक्ति से भरा जाना चाहिए। शिक्षाविभाग के आला अफसर इतनी मनमानी पर उतर आए हैं कि जब चाहे तब भर्ती नियम में संषोधन कर दिया जाता है उन्हे उससे कोई सरोकार नहीं कि इससे किसका हक/हित मारा जाएगा। सामान्यतः तृतीय श्रेणि के निमन्तम पद 100 प्रतिषत सीधी और उच्च पद जैसे माध्यमिक और उच्च श्रेंणियों के पद 75 प्रतिषत पदोन्नति और शेष 25 प्रतिषत सीधी भर्ती के होना चाहिए जिससे वर्षों से कार्य कर रहे कर्मचारियों के अनुभव का लाभ मिल सके।
संगठन के जिलाध्यक्ष-रॉबर्ट मार्टिन, हेमंत ठाकरे, राकेष श्रीवास, रऊफ खान, शहीर मुमताज़, दिनेष गौंड़, एनोस विक्टर, अफरोज खान, स्टेनली नॉबर्ट, गुडविन चार्ल्स, राजकुमार यादव, धनराज पिल्ले, सुधीर अवधिया, प्रदीप पटेल, मनीष मिश्रा, एस.बी.रजक, आर.पी.खनाल, अजय मिश्रा, फिलिप अन्थोनी, विनोद सिंह, गोपीषाह, उमेष सिंह ठाकुर, सुनील झारिया, रवि जैन, सुधीर पावेल, रॉबर्ट फ्रांसिस, आषाराम झारिया, अषोक परस्ते, योगेष ठाकरे, वीरेन्द्र श्रीवास, विजय झारिया, सुनील स्टीफन, वसीमुद्दीन, विनय रामजे, रामकुमार कतिया, सरीफ अहमद अंसारी, आषीष कोरी, कादिर अहमद अंसारी, अनूप डाहट, मानसिंह आर्मो आदि ने शासन से मांग की है कि पहले पदोन्नति की जाए उसके बाद आगामी भर्ती की प्रक्रिया प्रारम्भ की जाए।



