जबलपुर दर्पणमध्य प्रदेश

मध्य प्रदेश के 36 रेलवे स्टेशनों को ‘एक स्टेशन एक उत्पाद’ बिक्री केन्द्र के रूप में किया शामिल

'वोकल फॉर लोकल' विजन से स्वदेशी उत्पादों के लिए बाजार रहेंगीं उपलब्ध

जबलपुर दर्पण । रेल मंत्रालय ने भारत सरकार के ‘वोकल फॉर लोकल’ विजन को बढ़ावा देने, स्थानीय/स्वदेशी उत्पादों के लिए एक बाजार प्रदान करने तथा समाज के वंचितों वर्गो के लिए अतिरिक्त आय के अवसर जुटाने के उद्देश्य से भारतीय रेलवे ने ‘वन स्टेशन वन प्रोडक्ट’ (ओएसओपी) योजना शुरू की है। इस योजना के तहत, रेलवे स्टेशनों पर ओएसओपी केन्द्रों को स्वदेशी/स्थानीय उत्पादों को प्रदर्शित करने, बेचने और उच्च दृश्यता प्रदान करने के लिए आवंटित किया जाता है। इसकी पायलट योजना 25. मार्च को शुरू की गई थी और 01.मई के अनुसार पूरे देश के 21 राज्यों और 3 केंद्र शासित प्रदेशों में 785 ओएसओपी केन्द्रों के साथ 728 स्टेशनों को शामिल किया गया है। इन ओएसओपी स्टालों को एकरूपता प्रदान करने के लिए राष्ट्रीय डिजाइन संस्थान के माध्यम से डिजाइन किया गया है। इस पायलट योजना के तहत मध्य प्रदेश के 36 रेलवे स्टेशनों को ‘एक स्टेशन एक उत्पाद’ बिक्री केन्द्र के रूप में शामिल किया गया है।

 'वन स्टेशन वन प्रोडक्ट' स्थान विशेष के लिए विशिष्ट हैं और इसमें स्वदेशी जनजातियों द्वारा बनाई गई कलाकृतियां, स्थानीय बुनकरों द्वारा हथकरघा, विश्व प्रसिद्ध लकड़ी की नक्काशी जैसे हस्तशिल्प, कपड़े पर चिकनकारी और जरी-जरदोजी का काम या मसाले चाय, कॉफी और अन्य संसाधित/अर्द्ध संसाधित खाद्य पदार्थ/उत्पाद जिनका देश में उत्पादन हुआ है, शामिल हैं। उदाहरण के लिए, पूर्वोत्तर भारत में असमिया पीठा, पारंपरिक राजबंशी पोशाक, झापी, स्थानीय कपड़ा, जूट उत्पाद (टोपी, गमछा, गुड़िया) ओएसओपी स्टालों पर उपलब्ध हैं और  जम्मू-कश्मीर क्षेत्र, कश्मीरी गिरदा, कश्मीरी कहवा और सूखे मेवे प्रसिद्ध हैं, दक्षिण भारत में काजू उत्पाद, मसाले, चिन्नालापट्टी हथकरघा साड़ियाँ यात्रियों का ध्यान आकर्षित कर रही हैं, देश के पश्चिमी भाग में कढ़ाई और ज़री ज़रदोज़ी, नारियल हलवा, स्थानीय रूप से उगाए गए फल, प्रसंस्कृत खाद्य पदार्थ, बंधनी प्रसिद्ध हैं।

मध्य प्रदेश में 'वन स्टेशन वन प्रोडक्ट' के तहत अनूपपुर, शहडोल, बैतूल, मुलताई, अमला, पंधुरना, बुरहानपुर, खंडवा, नागदा, रतलाम, देवास, उज्जैन, इंदौर, ग्वालियर, भिंड, गुना,  भोपाल,  रानी कमलापति, नर्मदापुरम,  इटारसी, पिपरिया, गाडरवारा, नरसिंहपुर, जबलपुर, कटनी, कटनी मुड़वारा, दमोह, सागर, मैहर, सतना, रीवा, सिंगरौली, डबरा, महोबा, छतरपुर, खजुराहो के साथ 36 स्टेशनों को शामिल किया गया है।

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