शहर को भिक्षावृत्ति से मुक्त कराने नगर निगम की मुहिम तेज, दो दिनों में 36 भिक्षुकों को दी गई समझाइश

जबलपुर दर्पण । महापौर जगत बहादुर सिंह अन्नू एवं निगमायुक्त राम प्रकाश अहिरवार के मार्गदर्शन में संस्कारधानी को भिक्षावृत्ति से मुक्त कराने और सड़क पर जीवन बसर करने वाले लोगों को मुख्यधारा से जोड़ने के लिए नगर निगम द्वारा पुलिस प्रशासन के सहयोग से एक विशेष ‘भिक्षावृत्ति मुक्त अभियान’ चलाया जा रहा है। इस सकारात्मक पहल के तहत शहर के प्रमुख चौराहों और धार्मिक स्थलों पर लगातार कार्रवाई की जा रही है।
रानीताल, गेट नंबर 4 और बाजनामठ मंदिर परिसर में कार्रवाई
अभियान के तहत नगर निगम की टीम ने पुलिस के सहयोग से शहर के विभिन्न संवेदनशील क्षेत्रों में सघन चेकिंग अभियान चलाया।
उपायुक्त श्रीमती अंकिता जैन ने बताया कि यहाँ भिक्षावृत्ति में लिप्त कुल 20 लोगों पर कार्रवाई की गई।
उन्होंने कहा कि मेडिकल बाजनामठ मंदिर परिसर धार्मिक क्षेत्र में आने वाले दर्शनार्थियों को असुविधा न हो और भिक्षावृत्ति पर रोक लगे, इसके लिए यहाँ से 16 भिक्षुकों को हटाया गया।
टीम द्वारा सभी 36 भिक्षुकों को आत्मीयता के साथ समझाइश दी गई कि वे भिक्षावृत्ति छोड़कर आत्मनिर्भरता की ओर कदम बढ़ाएं।
सुरक्षा के लिए पुलिस प्रशासन मुस्तैद, ग्वारीघाट थाने से मिला समर्थन
इस अभियान को सुचारू रूप से चलाने और नगर निगम की टीम को सुरक्षा प्रदान करने के लिए पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह तैयार है। ग्वारीघाट पुलिस थाने के थाना प्रभारी से टीम की हुई सकारात्मक बातचीत के बाद पुलिस ने टीम को पूर्ण सुरक्षा देने की सहमति जताई है।
इस अभियान को बिना किसी बाधा के पूरा करने के लिए पुलिस लाइन से विशेष तौर पर महिला कांस्टेबल और पुरुष कांस्टेबल की टीम उपलब्ध कराई जाएगी।
आज कारवाई के दौरान एक भिक्षा देने वाले व्यक्ति पर टीम ने कार्यवाही कर थाने में एन पी आर दर्ज कराई और कहा कि अब भिक्षा देने वाले लोगों के विरुद्ध तेज गति से कार्यवाही की जाएगी।
एक सकारात्मक बदलाव की ओर कदम
प्रशासन का उद्देश्य भिक्षुकों को सिर्फ हटाना नहीं, बल्कि शहर की छवि को सुधारना और इन जरूरतमंदों को एक बेहतर जीवन जीने के लिए प्रेरित करना है। नगर निगम और पुलिस विभाग की इस संयुक्त और संवेदनशील कार्रवाई की आम नागरिकों द्वारा भी सराहना की जा रही है।



