मध्य प्रदेश में सरकारी बंगलों को लेकर सियासत निंदनीय: कांग्रेस प्रवक्ता

कोरोनावायरस की महामारी के दौर में पूर्व मंत्रियों से बंगला खाली कराना क्या भाजपा की राजनीति का एक हिस्सा है? क्या एक बार फिर प्रदेश के राजनीतिक दलों में सरकारी बंगलों को लेकर सियासत का दौर शुरू हो गया है?
जबलपुर।मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी प्रदेश प्रवक्ता टीकाराम कोष्टा ने कहा कि मध्य प्रदेश शासन के पूर्व मंत्री लखन घनघोरिया एवं अन्य पूर्व मंत्रियों से कोरोना महामारी के दौरान राजनीतिक दुर्भावना से शासकीय आवास खाली करवाने पर भाजपा सरकार की कड़ी निंदा की। उन्होंने कहा कि ऐसा करके गलत परंपराओं और राजनीति में सदभाव समाप्त करने की शुरुआत भाजपा ने की है। कोष्टा ने कहा कि अपने इस कदम से प्रदेश की भाजपा सरकार ने अपने ही प्रधानमन्त्री को झूठा साबित किया है। प्रदेश प्रवक्ता ने कहा कि एक ओर प्रधानमन्त्री मोदी लोगों से मकान खाली न कराने को कह रहे हैं और स्वयं मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने किराए से रह रहे लोगों से आवास खाली न कराने को कहा है तो दूसरी ओर स्वयं लॉकडाउन के दौरान आवास खाली कराने का नोटिस दे रहे हैं। कोष्टा ने कहा कि ऐसा करके शिवराज सरकार ने मोदीजी को झूठा साबित किया है। उन्होंने कहा कि कथनी और करनी का यही अंतर है जो भाजपा के चाल, चरित्र और चेहरे को उजागर करता है।
कांग्रेस के पूर्व मंत्री लखन घनघोरिया एवं अन्य पूर्व मंत्रियों से आवास खाली करना निंदनीय कार्य है।
- प्रदेश प्रवक्ता टीकाराम कोष्टा



