वन भूमि पट्टे के लिए परेशान हैं गरीब 50 वर्षों रह कर भी नहीं मिला लाभ – अनुविभागीय अधिकारी को आवेदन पत्र देकर की मांग

जबलपुर न्यूज़। जबलपुर जिले के वन भूमि अधिकार को लेकर जहां मध्यप्रदेश सरकार के अलग अलग क्षेत्रों में पट्टे की मांग की जा रही हैं वहीँ राज्य सरकार ने केवल इन गरीबों को आश्वासन देकर इंतजार करने के लिए छोड़ दिया गया है । देखा जाये तो विगत कई वर्षों से इन गरीबों को वन अधिकार न मिलने से परेशान हो रहें हैं । जबकि मध्यप्रदेश के कई जिले व विधानसभा क्षेत्र में आदिवासी समुदाय के साथ गरीब अहीर समाज के लोग निवास करते आ रहे हैं हैं । फिर भी अपने अधिकारों के लिए परेशान हो रहें हैं । इस परेशानी के चलते विगत दिनों विधानसभा क्षेत्र 102 के ग्राम पंचायत पौड़ी खुर्द अतरिया अंतर्गत आने वाले गांव पिपरसरा का मामला सामने देखने को मिला है । पीड़ित व्यक्ति सन्तोष कुमार पिता बिहारीलाल अहीर ने सिहोरा तहसील कार्यालय के अनुविभागीय अधिकारी चन्द्र प्रताप गोहल को लिखित आवेदन पत्र देकर मांग की है कि साहब हम गरीब लोगों की मदद करे । हम सभी बहुत ज्यादा परेशान हैं आपकी बड़ी मेहरबानी होगी । आवेदन पत्र में पीड़ित व्यक्ति ने ये भी लिखकर बताया है कि गाँव पिपरसरा मे भूमि पट्टा बनने व नपाई होने के बाद भी सूची में मेरा नाम नहीँ हैं । जबकि मैं 50 वर्षो से इस जगह पर निवास कर रहा हूँ । अब देखना हैं कि प्रशासन इन वन क्षेत्र रहवासियों को पट्टा कब तक उपलब्ध कराती हैं या फिर नहीं ।
मनीष श्रीवास रिपोर्टर



