शासन द्वारा कर्मचारियों के प्रति उदासीन रवैया अपनाने के खिलाफ शिक्षक कांग्रेस संगठन द्वारा मुख्यमंत्री को शौपा ज्ञापन

मण्डला। शासन द्वारा कर्मचारियों के प्रति उदासीन रवैयाअपनाने के खिलाफ प्रांतीय आव्हान पर शिक्षकों की मांगों के निराकरण करने हेतु म.प्र.शिक्षक कांग्रेस संगठन द्वारा मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन दिया गया* म.प्र.शिक्षक कांग्रेस जिला शाखा मण्डला के अध्यक्ष विवेक शुक्ला ने बताया कि प्रांतीय संगठन के निर्देश पर म.प्र.शिक्षक कांग्रेस संगठन मंडला के पदाधिकारियों द्वारा जिलाधीश कार्यालय में संयुक्त कलेक्टर मण्डला के समक्ष ज्ञापन का वाचन किया गया l जिसमे प्रमुख मांगें इस प्रकार थीं -शिक्षकों के पदनाम की बहुत पुरानी मांग को पूर्ण करने, जुलाई 2020 से कोविड 19 के कारण स्थगित वार्षिक वेतन वृद्धि जोड़कर ,लंबित महंगाई भत्ता,सातवे वेतन मान की शेष अंतिम किश्त, प्राथ.माध्यमिक,व उच्च.माध्यमिक शिक्षकों के सातवे वेतन के एरियर्स शीघ्र भुगतान,गुरुजियों को नियुक्ति दिनांक से वरिष्ठता, प्रदेश में कर्मचारियों की पुरानी पेंशन व्यवस्था,प्राथमिक,माध्यमिक व उच्च माध्यमिक पदनाम के स्थान पर सहायक शिक्षक,शिक्षक,व व्याख्याता का पदनाम देते हुए नियुक्ति के स्थान पर संविलियन शब्द का प्रयोग किया जावे, बंधन मुक्त अनुकम्पा नियुक्ति के नियम बनाते हुए आश्रितों को नियुक्ति , आदि प्राथमिक शिक्षकों की मांगो के निराकरण ,माध्यमिक विद्यालय के प्रधान पाठक को हाईस्कूल प्राचार्य के पद पर पदोन्नत किया जावे,शिक्षा विभाग,आदिवासी विभाग तथा राज्य शिक्षा केंद्र का एकीकरण किया जावे,शिक्षकों को समय मान वेतनमान देने विषयक। इस अवसर पर संगठन के शैल कुमार दुबे, ए. के.चक्रवर्ती जिला कोषाध्यक्ष ,अखिलेश चन्द्रोल.राजकुमार सिंगौर जिला सचिव. श्री प्रभात ज्योतिषी तहसील अध्यक्ष, मदन लाल कछवाहा.हफीज खान. अनिल अग्रवाल, गिरीश मिश्रा,जिला उपाध्यक्ष.श्री गिरधारी लाल नीखर,श्री टीकाराम श्रीवास,रविशंकर साहू उपाध्यक्ष, रवीन्द्र नामदेव, राकेश शुक्ला, एवं तहसील, विकास खंड के शिक्षक पदाधिकारी उपस्थित हुए l



