अपनों से मिलकर सुखद एहसास होता है

जबलपुर दर्पण। भारत सरकार, रक्षा मंत्रालय के आयुध निर्माणी संगठन की महत्वपूर्ण इकाई ग्रे आयरन फाउंड्री जबलपुर (जीआईएफ) जिसका नाम अब चेंज कर आयुध निर्माणी जबलपुर (ओएफजे) हो गया है, जो कभी एशिया की सर्वश्रेष्ठ फाउंड्री मानी जाती थी। विशेषज्ञ अधिकारी, कार्य कौशल से परिपूर्ण स्टाफ, श्रम वीरता के पर्याय मेहनत कश कर्मचारियों ने समय समय पर बेहतर से बेहतर उत्पादन लक्ष्य पूरा करने में नित नए कीर्तिमान स्थापित करते हुए सबको गौरवान्वित किया । और धीरे धीरे रिटायरमेंट की उम्र तक पहुँच कर उन पलों को याद कर अपनी कर्मभूमि के यशोगान करते हुए रिटायर्ड राजपत्रित अधिकारी प्रमोद दुबे, ओ0पी0सिंह, एस0 के0 सरकार, पी0 एन0 झा, गुरमुखदास एवं अनिल शुक्ला, अपने आपको गर्भित महसूस करते है। इन्होंने अपने अपने कार्य क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान दिया और अब रिटायर्ड होकर अपनेपन की टीम बनाई है जो हरेक माह बैठक कर एक दूसरे का सुख दुख शेयर करते हुए हमेशा अपनी कर्मभूमि जीआईएफ की निरन्तर उन्नति व अपने साथी अधिकारी,कर्मचारियों की उन्नति की कामनाएं करते हुए एक दूसरे के प्रति आत्मीयता और विश्वास बनाएं हुए है । अनिल शुक्ला ने बताया कि मित्र मिलन के इस यादगार मौके पर सुपर मार्केट कॉफी हाउस में अपने वरिष्ठ साथी गुरमुखदास के जन्मदिन पर ओम प्रकाश सिंह, प्रमोद कुमार दुबे, सपन कुमार सरकार, प्राण नाथ झा, गुरमुख दास, अनिल कुमार शुक्ला ने माल्यर्पण कर अपने अपने मंगलभाव प्रकट कर उन्हें स्वास्थ्य बने रहने की शुभकामनाएं दी। यह कार्यक्रम प्रमोद दुबे एवं अनिल शुक्ला के कुशल संयोजन में सानन्द सम्पन्न हुआ।



