काजीवर साड़ी पर सिल्वर और गोल्ड जरी वर्क देख कर मंत्र मुग्ध हुई महिलाएं
जबलपुर दर्पण। फाइबर टू सिल्क फैब गोल बाजार में उमंग शॉपिंग महोत्सव की काजीवार साड़ी पर गोल्ड और जरी वर्क की खूबसूरती देख कर जबलपुर की महिला मन्त्र मुग्ध हो गई। बताया जाता है सिल्क फैब में तमिलनाडु के काजीवर शहर के असलम ने एक साड़ी को बनने में 3 महीने में जरी वर्क की साड़ी मेहनत से तैयार की जिसकी अनुमानित लागत 150000 रूपये थी। जिसको देख चर्चा का विषय बन गया। धीरे धीरे कला विलुप्त होती जा रही है, देश मे कला के माध्यम से हजारों लोगो की रोजी रोटी चलती है, हमें हुनर बाजो को दुबारा स्थपित करना चाहिए उन्होंने आयोजित प्रदर्शन की तारीफ की जबलपुर की महिलायें साड़ी पर कोलकाता की क्लाकृति देख मन्त्र मुग्ध हुई। उमंग आर्ट & क्राफ्ट सिल्क एक्सपो का आयोजन कर रहा है। सचिव आशीष गुप्ता ने इस प्रदर्शनी में भाग लेने वाले पूरे भारत से रेशम साड़ियों, पोशाक सामग्री की भिन्न गुणवत्ता की व्याख्या की। उन्होंने असम-मूंगा सिल्क, दिल्ली-प्रिंटेड सिल्क साड़ी, गुजरात-कांथा, पटोला, पश्चिम बंगाल-बलूचरी, राजस्थान-बंधेज, झारखंड-कोसा सिल्क, कर्नाटक-चिंता मणि, कसौटी वर्क और अन्य जैसे विभिन्न राज्यों के रेशम उत्पादों की गुणवत्ता के बारे में जानकारी दी। मेला सुबह 11 बजे से रात 09 बजे तक गोल बाजार जबलपुर में 5सितंबर तक रहेगा



