गरीबों का आशियाना राशि के अभाव में अधूरा, अब बारिश की चिंताः राजा

गोवर्धन गुप्ता मैहर । तहसील में प्रधानमंत्री आवास योजना का हाल बेहाल है। भारत सरकार कि अति महत्वाकांक्षी योजना के तहत बनाए जा रहे मकान किस्त के अभाव में अधूरे पड़े हैं। यह आरोप कांग्रेस पार्टी के युवा नेता राजा चौरसिया ने लगाए हैं श्री चौरसिया ने बताया कि आवास योजना में बनाए जा रहे आवासों के निर्माण कार्य ठप हो गया है और मकान खंडहर में तब्दील होने लगे हैं। जिले में सैकड़ों ऐसे गरीब हैं, जिनका आशियाना अधूरा है। बारिश का मौसम नजदीक आने के कारण इनकी चिंता बढ़ गई है। हितग्राहियों का कहना है कि राज्य शासन द्वारा किस्त की राशि नहीं मिल पा रही है जिसके चलते वे अपने सपने के घरों को पूरा नहीं कर पा रहे हैं। राजा चौरसिया ने आगे कहा कि क्षेत्र में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत लाभर्थियों को किस्त नहीं मिल पा रही है। जिनके पास पक्की छत नहीं थी, उनके सपनों का घर बनाने के लिए प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत राशि आवंटित की गई, लेकिन राज्य सरकार समय पर किस्त जारी नहीं कर रही है। जिसके कारण लाभार्थियों को निर्माण कार्य के लिए अधिक दर में सामग्री खरीदनी पड़ रही है। इससे निर्माण की लागत अत्यधिक हो रही है। कई परिवार तो उधार में दुकानों से भवन निर्माण का सामान लेकर काम चला रहे हैं। दुकानदार उनके घरों का चक्कर काट रहे हैं।
श्री चौरसिया ने कहा कि
हितग्राहियों ने बताया है वर्षा काल चालू होने वाला है। कई लोगों के प्रधानमंत्री आवास अभी भी अपूर्ण स्थिति में हैं। ऐसे हालात में वह कैसे अपने आवास को पूर्ण कर पाएंगे। बारिश के दौरान उनके सामने बहुत बड़ी समस्या खड़ी होगी। इसलिए तत्काल हितग्राहियों को किस्त की राशि जारी की जाए। श्री चौरसिया ने आगे बताया कि तालाबों के आसपास निवास कर रहे गरीब जनों को आवास के लाभ से वंचित किया जा रहा है जब कि नगर पालिका द्वारा समस्त सुविधाएं नल बिजली पानी उन्हें 25 साल से दिया जा रहा है यह सभी आसपास निवासरत तालाबों के लोग नगर पालिका में टैक्स अदा कर रहे हैं फिर भी इन्हें हितग्राहियों की सूची में नहीं जोड़ा जा रहा है राजीव गांधी आश्रय योजना के इनके पास अधिकार पत्र पट्टा भी है फिर भी उन्हें अपात्र घोषित कर दिया गया है ऐसे ही मैहर देवी जी मंदिर क्षेत्र मे अपने सपनों का घर बनाने वाले इस योजना के तहत पात्र हो जाने के बाद भी पहली किस्त मिल जाने के बाद भी दूसरी किस्त उन्हे नहीं दी जा रही नगर पालिका परिषद में दूसरी एवं तीसरी तीसरी किस्त देने के लिये राज्य सरकार द्वारा द्वारा कोष उपलब्ध नहीं कराया जा रहा है जिस कारण वे लोग भी अधर में पडे हुए हैं और मैहर में जिन्हें दूसरी किस्त मिल गयी है तो तीसरी का इंतजार कर रहे हैं वहीं जिन हितग्राहियों को पहली किस्त मिल गई है तो दूसरी का इंतजार कर रहे हैं सालों से काम अधूरा पड़ा हुआ है बरसात सर पर है यह अपना आशियाना लेकर कहां जाएं सरकार अपने कोष से रुपये देने को तैयार नही है और अगर अपसरो से बात करो को अफसरों का कहना है कि चरणबद्घ ढंग से हितग्राहियों को राशि जारी हो रही है। यानी जैसे-जैसे काम आगे बढ़ रहा है कि किस्त जारी हो रही है। इसमें लेतलातीपी जैसी कोई बात नहीं है। यह बोलकर वह कर्तव्य मुक्त हो जाते हैं और आमजन भारत सरकार की अत्यंत महत्वपूर्ण स्वाबलंबी एवं महत्वाकांक्षी योजनाओं का संपूर्ण लाभ लेने से रह जाता है । यह भाजपा सरकार का विकास मॉडल का असली चेहरा है कथनी और करनी में इतना अंतर जिसकी कोई सीमा नहीं और कर्तव्य निर्वाहन के ऐसे दावे जैसे विकास जमीन पर दोनों पैरों से चल रहा हूं जनता सब जानती है सही समय पर सही निर्णय लेकर अपनी प्रजातांत्रिक शक्तियों का आभाष भारतीय जनता पार्टी सरकार को अवश्य ही करायेंगी ।



