जबलपुर के विकास को लगे पंख: ‘सिटीज 2.0’ के तहत मिली बड़ी सौगात, अपेक्स कमेटी ने दी प्रोजेक्ट्स को हरी झंडी

जबलपुर दर्पण । संस्कारधानी के सतत और आधुनिक विकास की दिशा में एक स्वर्णिम अध्याय जुड़ गया है। आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय नई दिल्ली में आयोजित अपेक्स कमेटी की उच्च स्तरीय बैठक में देश के चुनिंदा 18 शहरों में से जबलपुर, आगरा और जयपुर के प्रस्तावित प्रोजेक्ट्स को अंतिम मंजूरी दे दी गई है। इसमें देश में तीसरे और प्रदेश में एक मात्र जबलपुर स्मार्ट सिटी का चयन हुआ है। यह उपलब्धि जबलपुर को ‘क्लाइमेट स्मार्ट सिटी’ और भविष्य की जरूरतों के अनुरूप तैयार करने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगी।
क्या है सिटीज 2.0 और जबलपुर को क्या होगा लाभ- सिटीज 2.0 मिशन का मुख्य उद्देश्य शहरों में नवाचार, समावेशी विकास और जलवायु अनुकूल बुनियादी ढांचे का निर्माण करना है। जबलपुर स्मार्ट सिटी द्वारा तैयार किए गए इन प्रोजेक्ट्स के माध्यम से शहर में बड़े बदलाव देखने को मिलेंगे।
इस संबंध में स्मार्ट सिटी के चेयरमैन राघवेंद्र सिंह एवं निगमायुक्त राम प्रकाश अहिरवार ने बताया कि शहरी विकास में पर्यावरण संरक्षण को प्राथमिकता दी जाएगी।
उन्होंने बताया कि आधुनिक तकनीक बेहतर नागरिक सेवाओं के लिए डिजिटल और स्मार्ट तकनीकों का समावेश होगा।
शहर के इंफ्रास्ट्रक्चर को जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों का सामना करने के लिए तैयार किया जाएगा।
स्मार्ट सिटी के सीईओ अरविंद शाह ने बताया कि परियोजनाओं के कार्यान्वयन के लिए विशेष प्रारूप तैयार किए जा रहे हैं, जिससे कार्यों में पारदर्शिता और उच्च गुणवत्ता सुनिश्चित होगी।
जबलपुर की इस बड़ी उपलब्धि पर प्रशासनिक अधिकारियों ने हर्ष व्यक्त करते हुए इसे टीम वर्क का परिणाम बताया है।
अधिकारियों ने बताया कि यह जबलपुर के लिए गर्व का क्षण है। सिटीज 2.0 के तहत स्वीकृत ये परियोजनाएं शहर के समग्र विकास को नई गति प्रदान करेंगी।



