स्मार्ट सिटी या स्मार्ट कचरे वाली सिटी

जबलपुर दर्पण । दशकों से सफाई व्यवस्था श्रीनाथ की तलैया मैं बिगड़ी हुई है इसकी किसी को भी जानकारी नहीं है जनता के लिए बैठने के लिए शेड बनाए गए वो भी दम तोड़ रहे है लोगों के बैठने के लिए कुर्सियां बनवाई वो भी बदहाली का मंजर देख रही है कचरे की वजह से इतनी दुर्गंध है कि आदमी 5 मिनिट भी यहां रुक नहीं सकता फिर भी अधिकारियों को इतने बड़े बाजार मैं गंदगी नजर नहीं आती स्थानीय लोगों से पूछा गया तो उन्होंने बताया कि महिला मार्केट गंजीपुरा से पूरा कचरा श्रीनाथ की तलैया के ग्राउंड मैं फिंकता है फिर वह यहां पर एक कचरे के ढेर मैं लोग फेंक जाते है फिर आवारा पशु उसमें भोजन की तलाश मैं डायपर पन्नी हानिकारक कचरा खाने आ जाते है लेकिन फिर भी यह नगर निगम को नजर नहीं आ रहा है अधिकरी आयेंगे तो सब साफ हो जाएगा उसके बाद सब शून्य लोगों ने काफी बार शिकायत की यह डंपिंग जोन बंद हो आस पास घर है उसके बाद भी नतीजा नहीं निकला अब प्रश्न यह आता है कि इसकी जिम्मेदारी किसकी है जनता दुकानदार या नगर निगम के अधिकारी उसका उत्तर मिलने मैं बहुत समय लग जाएगा क्योंकि कचरे का ढेर उठाया जाता है फिर वहीं गंदगी हो जाती है



