रोग-प्रतिरोधक क्षमता को विकसित करने दैनिक आहार में पोषक तत्वों से भरपूर उपयोग करेंः कुलपति

अंतर्राष्ट्रीय व्याख्यान श्रृंखला का आयोजन
जबलपुर। जवाहरलाल नेहरू कृषि विश्वविद्यालय स्थित संचालनालय विस्तार सेवायें द्वारा कुलपति डॉ. पी.के. बिसेन के मार्गदर्शन एवं निर्देशन में राष्ट्रीय पोषण माह के तहत ऑनलाइन अंतर्राष्ट्रीय अतिथि जवाहरलाल नेहरु कृषि विश्वविद्यालय व्याख्यान श्रृंखला के समापन पर मुख्य वक्ता राजमाता विजयराजे सिंधिया कृषि विश्वविद्यालय, ग्वालियर के कुलपति प्रो. एस.के. राव ने कोविड-19 महामारी के चलते मानव जीवन के लिये पोषक भोज्य पदार्थो का महत्व बहुत बढ़ गया है। रोग-प्रतिरोधक क्षमता को विकसित करने के लिये दैनिक आहार में पोषक तत्वों से भरपूर खाद्य पदार्थो को सम्मिलित करेंआयोजक संचालक विस्तार सेवायें डॉ. (श्रीमति) ओम गुप्ता ने 6 दिवसीय व्याख्यान श्रृंखला की समीक्षा में आश्वस्त किया कि संचालनालय विस्तार सेवायें अपने 22 कृषि विज्ञान केन्द्रों के माध्यम से भविष्य में भी ऐसे जनउपयोगी आयोजन करता रहेगा। डॉ. महाबलेश्वर हेगड़े पूना, डॉ. राजलक्ष्मी त्रिपाठी जबलपुर, डॉ. साधना सिंह फैजाबाद, डॉ. दीपा विनय उत्तराखण्ड, डॉ. आशुतोष सरकार नई दिल्ली एवं श्रीमती हर्षिता गुप्ता यू.ए.ई. आदि ने कोरोना काल में प्रधानमंत्री के ब्रम्ह वाक्य ‘आपदा को अवसर में बदलने” को अपनाने पर बल दिया. मुख्य अतिथि डॉ. अनुपम मिश्रा निदेशक अटारी ने बताया कि कुपोषण को दूर करने के लिये बायोफोर्टिफाइड फसलें, मूल्य संवर्धित खाद्य पदार्थ एवं पोषण वाटिका को प्रत्येक कृषि विज्ञान केन्द्र में प्रदर्शनी एवं प्रशिक्षण के माध्यम से प्रशिक्षित किया जा रहा हैइस हेतु न्यूट्री स्मार्ट विलेज बनाये गये हैं. अतिथि व्याख्यान श्रृंखला में देश-विदेश के प्रतिभागियों ने भाग लिया एवं अपनी शंकाओं का समाधान अतिथियों से प्रश्न उत्तर के माध्यम से किया। कार्यक्रम की सफलता में डॉ. दिनकर शर्मा, डॉ. टी.आर. शर्मा, डॉ. हरीश दीक्षित, डॉ. अर्चना पाण्डे, डॉ. संजय वैशंपायन, डॉ. प्रमोद गुप्ता, डॉ. दीपाली बाजपेयी एवं श्रीमती रजनी प्रभा कोरी का विशेष योगदान रहा.



