जाम के झाम से कराह रहे पाटन के बाजार

मुख्य मार्ग पर ठेलो, सब्जी दुकाने लगने से यातायात बाधित
पाटन संवाददाता। इन दिनों पाटन कस्बे के प्रमुख बाजार में दिन भर खरीदारों की भीड़ लगी रहती है एवं साप्ताहिक बाजार के दिन तो ट्रैफिक के कारण पाटन कमानिया गेट से चौधरी मोहल्ला रोड पर घंटों जाम लगा रहता है। इसके कारण वाहनों का निकलना तो दूर पैदल निकलना भी मुश्किल हो जाता है। जाम लगने का मुख्य कारण पाटन में पार्किंग व्यवस्था का अभाव है। सप्ताह में लगने वाले सब्जी बाजार, किराना, रेडीमेड, बर्तन व इलेक्ट्रॉनिक्स बाजारों में खरीदारी के लिए ग्रामीण अंचलों से हजारों की संख्या में लोग आते हैं। खरीददारी के लिए आने वाले ग्रामीण अंचलों के लोग ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के अलावा दुपहिया वाहनों से भी आते हैं और वाहनों को सड़कों पर खड़ा कर दुकानों पर खरीदारी शुरू कर देते हैं। जब तक वह खरीददारी में व्यस्त रहते हैं उस दौरान वाहन सड़क पर ही खड़े रहते हैं। जिससे ट्रैफिक जाम के हालात निर्मित हो जाते हैं लेकिन व्यवस्था बनाने के लिए प्रशासन के द्वारा प्रयास नही किए जा रहे हैं। इस कारण आम जनमानस को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।बाजारों में दुकानों के आगे दोनों साईड दुपहिया वाहनों की कतार लगी रहती है। लोग घंटों तक खरीददारी में व्यस्त रहते हैं और उनके वाहन सड़क पर खड़े रहते हैं इस कारण जाम के हालात बनते हैं लेकिन यातायात को सुगम बनाने पुलिस प्रशासन द्वारा कोई प्रयास नहीं किये जाते है। किराना बाजार में दुकानदारों ने दुकानों के बाहर बेंच आदि लगाकर अस्थाई अतिक्रमण कर लिया है। वहीं चार पहिया वाहन व दुपहिया वाहनों व लोडिंग वाहनों का आना-जाना भी यही से होता हैं। हाथ ठेले भी यहां लगते हैं। जिसके चलते यहां दिन भर हालात बेकाबू नजर आते हैं। लेकिन इस स्थिति के सुधार के कोई प्रयास नहीं किये जाते है। कहा जाए तो पाटन बाजार में करीब 40-50 गांव के ग्रामीण और अन्य जगह के व्यापारी आते हैं।
उनकी दुकानों मेन रोड पर लगाए जाने से आये दिन जाम भी लगते रहते हैं। लेकिन इस संबंध में प्रशासन के उच्च अधिकारियो की उदासीनता के कारण पाटन में खुलेआम सड़को पर ओवरलोड परिवहन संचालित होता साफ देखा जा सकता है। जबकि सड़क मार्ग पहले से और अधिक चौडा हो गया है उसके बाद भी यहां पल-पल जाम की स्थिति निर्मित होती है। वहीं वाहनों की लंबी कतार यहां रहती है जिससे जाम लग जाता है।
मुख्य बाजार के दिन बाजारों में लोडिंग वाहन, ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के प्रवेश पर पूरी तरह रोक लगाई जाए।दुपहिया वाहनों के लिए कम से कम दो या तीन स्थानों पर अस्थाई पार्किंग की व्यवस्था की जाए।बाजार की सड़कों पर पसरे अस्थाई अतिक्रमण को साफ कराया जाए। बाजार में लगने वाले ठेलों के लिए हॉकर्स जोन बनाकर उन्हें शिफ्ट किया जाए।पुलिस की मौजूदगी बाजार में रहे और नियम तोड़ने वालों पर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।



