लाखों की सोनोग्राफी मशीन कबाड़ में पड़ी

शासन को पलीता लगाने पर तुला कॉलेज प्रबंधन
जबलपुर दर्पण। मध्य प्रदेश अधिकारी कर्मचारी संयुक्त संगठन के जिला अध्यक्ष दिलीप सिंह ठाकुर ने एक प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से बताया कि ग्वारीघाट स्थित आयुर्वेद कॉलेज अस्पताल में लाखों रूपये खर्च करके खरीदी गयी सोनोग्राफी मशीन अभी भी ठप्प पड़ी है। पहले कहा गया था कि मशीन का एक पार्ट नहीं मिल रहा है अब जब चायना से पार्ट आ गया तो अब कॉलेज प्रबंधन को रेडीयोलॉजीस्ट नहीं मिल पा रहा है। स्थिति ये है कि जिम्मेदार भी अब कुछ बोलने से कतरा रहे हैँ। तकरीबन दो माह बीत जाने के बाद भी अब तक रेडीयोलॉजीस्ट पदस्थ नहीं होने से एक कमरे में रखी अत्याधुनिक तकनीक से लेस ये मशीन सफ़ेद हाथी की तरह साबित हो रही है। सोनोग्राफी तथा एक्सरे की जाँच के लिए 36 लाख रूपये का बजट स्वीकृत हुआ था। सोनोग्राफी मशीन की लागत तक़रीबन 20 लाख रूपये बताई जा रही है लेकिन जिस उद्देश्य से शासन ने इस सुविधा को कॉलेज प्रबंधन को उपलब्ध कराया था उस पर पलीता लगता हुआ नजर आ रहा है। वर्तमान में स्थिति ये है कि अस्पताल में गर्भवती महिलाओं के लिए चिकित्सक सोनोग्राफी और एक्स रे की जाँच लिखकर दे रहे हैँ लेकिन उन्हें विक्टोरिया, मेडिकल या निजी सेंटर में जाना पड़ रहा है। संगठन के मुकेश श्रीवास्तव,आशा सिसोदिया,पुष्पा रघुवंशी, चंदा सोनी,धर्मेंद्र अवस्थी,इस्माइल खान,हरीश नेमा,इक़बाल खान,भास्कर गुप्ता, विशाल सिंह,राकेश मून, निशिकांत फड़के, आशा सिसोदिया,ऋषि पाठक,पुष्पा रघुवंशी, चंदा सोनी, बैजनाथ यादव,जीतेन्द्र चौहान,विश्वनाथ सिंह,जी आर झारिया,आदेश विश्वकर्मा,कमलेश दुबे,अनिल जैन, प्रमोद दुबे, रवि विश्वकर्मा,विष्णु झारिया, राशिद अली,अजय श्रीपाल,धर्मेंद्र परिहार,अजब सिंह,नितिन तिवारी,डेलन सिंह, इमरत सेन,चंद्रभान साहू,अफ़रोज़ खान, मुकेश कोल संदीप परिहार,रेनू बुनकर, रजनी गुप्ता,अनुराधा नामदेव,ममता पटेल,अनुपमा तिवारी,रश्मि रैकवार,जागृति मालवीय, आदि ने वरिष्ठ सक्षम अधिकारीयों एवं अन्य मुख्य चिकित्सा अधिकारी से चर्चा की पत्र व्यवहार किया तथा इस समस्या का शीघ्र अतिशीघ्र निदान करने हेतु आग्रह किया।



