13 सितम्बर को आयोजित होगी नेशनल लोक अदालत

बालाघाट जबलपुर दर्पण । राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली एवं म.प्र. राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण जबलपुर के निर्देशन तथा प्रधान जिला न्यायाधीश व अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण बालाघाट श्री प्राणेश कुमार प्राण के मार्गदर्शन में 13 सितम्बर (शनिवार) को नेशनल लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा। इस लोक अदालत का आयोजन जिला न्यायालय, समस्त तहसील न्यायालयों, श्रम न्यायालय, कुटुम्ब न्यायालय तथा अन्य न्यायालयों में किया जा रहा है। जिसमें न्यायालयों में लंबित आपराधिक, विद्युत, चेक डिसऑनर, दीवानी एवं शमनीय मामलों के अलावा बैंक, श्रम, दूरसंचार, राजस्व, जलकर, संपत्तिकर आदि प्री-लिटिगेशन मामले निराकरण के लिए रखे जाएंगे।
इसी तारतम्य में नेशनल लोक अदालत के वृहद प्रचार-प्रसार के लिए प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश व अध्यक्ष प्राण द्वारा प्रचार-प्रसार वाहन को जिला न्यायालय परिसर से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। इस अवसर पर विशेष न्यायाधीश (एट्रोसिटी) रघुवीर प्रसाद पटेल, प्रथम जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश गौतम सिंह मरकाम, द्वितीय जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश डी.एन.सिंह, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट मनीष सिंह, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सतीष शर्मा, न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी अविनाश छारी, श्रीमती षिखा शर्मा, श्रीमती शीनी जैन, शुभम जैन, जिला विधिक सहायता अधिकारी जीतेन्द्र मोहन धुर्वे तथा लीगल एड डिफेंस काउंसेल्स व न्यायालयीन कर्मचारीगण उपस्थित रहें।
प्रचार-प्रसार वाहन के माध्यम से लोक अदालत के लाभ के संबंध में जानकारी आम जन तक पहुंचाकर अधिक से अधिक प्रकरणों का निराकरण कराये जाने का अनुरोध किया जा रहा है। लोक अदालत में दोनों पक्षकारों की जीत होती है, किसी भी पक्ष की हार नहीं होती है। लोक अदालत में दोनों पक्षों की सहमति से मामला रखा जाकर सौहार्द्रपूर्ण वातावरण में विवाद का निराकरण किया जाता है, जिससे पक्षकारों के अमूल्य समय तथा व्यय होने वाले धन की बचत होती है तथा पक्षकारों में परस्पर स्नेह भी बना रहता है। लोक अदालत में मामला अंतिम रूप से निराकृत होता है, इसके आदेश की कोई अपील नहीं होती है। इन लाभों के बारे में आम जन को प्रचार-प्रसार के माध्यम से अवगत कराया जा रहा हैं।



