महिला सांसद का अपमान जबलपुर संस्कारधानी का अपमान

जबलपुर दर्पण। संसद के उच्च सदन राज्यसभा की महिला सांसद श्रीमती सुमित्रा बाल्मीकि के साथ जबलपुर कलेक्टर द्वारा जातिगत आधार पर भेदभाव किये जाने की शिकायत एवं उन्हें हटाये जाने संबंधी राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन भारतीय युवा कांग्रेस की राष्ट्रीय सचिव वंदना बैन के नेतृत्व में संभागायुक्त श्री अभय वर्मा को सौंपा गया।
युवा कांग्रेस की राष्ट्रीय सचिव वंदना बैन ने कहा है कि जबलपुर की वरिष्ठ नेत्री, नगर निगम जबलपुर की पूर्व अध्यक्ष एवं वर्तमान में उच्च सदन राज्यसभा की महिला सदस्य श्रीमती सुमित्रा बाल्मीकि के साथ जबलपुर कलेक्टर द्वारा लगातार प्रोटोकॉल के बाद भी जातिगत आधार पर भेदभाव किये जाने से हम सभी संस्कारधानी जबलपुर के निवासी आहत हैं। विगत दिनों जबलपुर में उपराष्ट्रपति महोदय की उपस्थिति में आयोजित होने वाले समारोह के आमंत्रण पत्र में न तो महिला सांसद श्रीमती सुमित्रा बाल्मीकि के नाम का उल्लेख था, न उनके मंच पर बैठने की व्यवस्था थी। श्रीमती बाल्मीकि द्वारा इस दुर्व्यवहार की शिकायत पर आनन फानन में मंच पर उनके बैठने की व्यवस्था की गई। इस तरह के दुर्व्यवहार के बाद श्रीमती बाल्मीकि ने अपनी व्यथा व्यक्त की, कि उन्हें अन्य कार्यक्रमों में भी राज्यसभा सांसद के प्रोटोकॉल के अनुसार न तो उन्हें कार्यक्रमों में आमंत्रित किया जाता है, न उन्हें गुलदस्ता दिया जाता है और न ही उनकी गाड़ी को अन्य नेताओं के आगे वरिष्ठता प्रदान की जाती है जिससे वो अपमानित महसूस कर रही हैं।
युवा कांग्रेस पदाधिकारियों का कहना है कि संस्कारधानी जबलपुर अपने संस्कारों के कारण जानी और पहचानी जाती है, लेकिन जिला कलेक्टर जबलपुर एक दलित महिला सांसद के साथ जातिगत भेदभाव कर जबलपुर की गरिमा को धूमिल कर रहे हैं। इसलिए जिला कलेक्टर जबलपुर को तत्काल प्रभाव से अलग कर राज्यसभा सांसद के प्रोटोकॉल सम्बन्धी नियमों के प्रभावी पालन के आदेश जारी किए जाएं।
ज्ञापन में युवा कांग्रेस के प्रदेश महासचिव रिज़वान अली कोटी, रॉबिन तिवारी, रघु तिवारी, अदनान अंसारी, एजाज़ अंसारी, ज़फर खान, शफ़ी खान आदि उपस्थित थे।



