ग्राम सभा के दौरान बेहोश हुआ रोजगार सहायक


ग्रामवासियों ने लगाये थे भ्रष्टाचार के आरोप
मण्डला। जिले की जनपद बिछिया के ग्राम पंचायत औरई के ग्राम रोजगार सहायक पवन ठाकुर ग्राम सभा के दौरान अपने ऊपर लगने वाले आरोपों से भयभीत होकर चक्कर खाकर बेहोश हो गए।400 से 500 महिलाओं और पुरुष की संख्या में ग्रामीणों ने ग्राम सभा में रोजगार सहायक पवन ठाकुर पर प्रधानमंत्री आवास निर्माण में किसी एक महिला हितग्राही के स्थान पर अपने सगे भाई के लिए प्रधानमंत्री आवास योजना का गलत लाभ दिलाने का आरोप लगाया ।और गांव के सभी शासकीय कार्यों में रोजगार सहायक के भाई प्रदीप ठाकुर के द्वारा लगाए गए सामग्री और मशीनों कार्यों के लाखों के बिल फर्जी तरीके से लगाने की बात सामने लाई।इन सब बातों से भयभीत होकर रोजगार सहायक पवन ठाकुर अचानक से बेहोश होकर गिर पड़े बिना तत्काल स्वास्थ्य केंद्र अंजनिया में प्राथमिक उपचार के लिए भेजा गया। जो कि एक हंसी के पात्र जैसा प्रतीत होता है। ग्रामीणों ने रोजगार सहायक की ऐसी हरकत पर स्वयं को बचाने के लिए बेहोश होने के आरोप लगाए हैं।ग्राम पंचायत औरई में होने वाली ग्राम सभा में ग्राम पंचायत सरपंच श्रीमती नैनवती कुशराम एवं अन्य पंचायत सदस्य और पदाधिकारी भी मौजूद थे। ग्रामीणों के इन सब आरोपों और रोजगार सहायक की करतूतों से सरपंच का अनजान होना उनके उदासीन व्यवहार को दर्शाता है।आपको यह बताना लाजमी होगा कि रोजगार सहायक के परिवार में दो जेसीबी मशीनें, ट्रैक्टर, थ्रेसर और चार पहिया वाहन जैसी कीमती वाहनों की कतार लगी है परंतु इन सबसे यह साबित नहीं हो सकता कि इन कीमती वाहनों की खरीदी रोजगार सहायक द्वारा पंचायत में भ्रष्टाचार करते हुए की गई है।सक्षम अधिकारियों से उक्त रोजगार सहायक पवन ठाकुर के विरुद्ध उच्च स्तरीय जांच करने की मांग ग्रामीणों ने की है । ग्रामीणों ने आक्रोशवश कहा है कि यदि कार्यवाही नहीं होती तो पूरा गांव कलेक्टर मण्डला के पास न्याय मांगने जाएगा।यही नहीं रोजगार सहायक पवन ठाकुर पर ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि साप्ताहिक बाजार वसूली भी बिना किसी रसीद के रोजगार सहायक द्वारा अपने गुर्गों से अवैध रूप से कराई जा रहा है और पंचायत में इसकी कोई राशि जमा नहीं की जा रही है।प्रधानमंत्री आवास के कुछ हितग्राहियों ने रोजगार सहायक द्वारा नकद पैसे मांगने पर 500 रुपए, 2000 रुपए, 5000 रुपए, 20 हजार रुपए तक देने की बात मीडिया के सामने कबूली है।



