धूम्रपान से होने वाले दुष्परिणामों की दी गई जानकारी, डेमो दिखाकर किया गया चित्रण

डिंडोरी,जबलपुर दर्पण ब्यूरो।जिले के सभी शैक्षणिक संस्थानों, शासकीय कार्यालय, सार्वजनिक स्थान को तंबाकू मुक्त क्षेत्र बनाने हेतु जानकरीं दी गई है।वर्कशॉप में स्वास्थ्य विभाग,शिक्षा विभाग , महिला एवं बाल विकास विभाग, जन अभियान परिषद, राजस्व विभाग, नगर पंचायत, खाद्य विभाग, एनआरएलएम विभाग एवं जनपद पंचायत सहित अन्य विभाग प्रमुख व अधिकारी कर्मचारियों को तंबाकू नियंत्रण एवं कुडप्पा कानून पर आधारित वर्कशॉप तम्बाखू नियंत्रण कार्यक्रम का आयोजन जिला चिकित्सालय सभागार मे किया गया। कार्यक्रम में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉक्टर रमेश मरावी, बीएमओ डॉ प्रदीप गोहीया, जिला मलेरिया सलाहकार शिव शंकर शुक्ला, बीओ सीबी उरेती,महिला एवं बाल विकास परियोजना अधिकारी नीतू तिलगाम , बीआरसी राजेश परस्ते, राष्ट्रीय किशोर स्वास्थ्य कार्यक्रम से दिगंबर सिंह बिलागर, जिला समन्वयक आरती पटेल परामर्शदाता राजेश मानिकपुरी, जन अभियान परिषद से ब्लॉक समन्वयक गणेश राजपूत,जिला प्रबंधक डॉक्टर ऋषिकेश सिंह सहित अन्य लोग कार्यशाला में मौजूद रहे। कार्यक्रम के दौरान तम्बाखू नियंत्रण हेतु सतत रूप से कार्य करने, सार्वजानिक स्थानों पर धूम्रपान करने वालो पर कोटपा कानून के अंतर्गत कार्यवाही करने, तम्बाकू सेवन से होने वाली हानियों सहित धुम्रपान के अन्य दुष्परिणामों के बारे में जानकारी साझा की गई।
देश में हर साल कैंसर से हो रही है लाखों मौतें-देश में धूम्रपान के कारण कैंसर से हर साल लगभग 12 से 13 लाख मौतें केवल भारत में हो रही है। जानकारों की मानें तो यह आंकड़ा और भी आने वाले दिनों कर सकता है,क्योंकि आने वाले समय में युवा पीढ़ी भी नशे की गिरफ्त आती जा रही है।तहसीलदार के द्वारा बताया गया कि सार्वजनिक स्थानों, शासकीय कार्यालय में तंबाकू के उपयोग करते हुए पाए जाने पर चलानी कार्रवाई करने सभी विभाग प्रमुख को कहा गया है।बीआरसी राजेश परस्ते के द्वारा तंबाकू का सेवन न करने का संकल्प लिया गया व सभी विभाग प्रमुखों से अपील भी की गई कि तंबाकू नियंत्रण पर कार्य करें । मध्यप्रदेश वॉलंटरी हेल्थ एसोसिएशन के सम्भागीय समन्वयक गंभीर परिणामों की जानकारी प्रजेंटेशन के माध्यम से दिया गया है।



