विंध्य का वीर सपूत श्रीनगर में शहीद

आतंकियों से मुकाबला करते देश के लिए कुर्बान की जान
रवि शंकर पाठक, सतना। विंध्य की माटी ने भारत माता के माथे पर एक बार फिर तिलक किया है। विंध्य के सतना जिले के एक जांबाज बेटे ने देश की रक्षा के लिए अपने प्राणों का बलिदान देकर अपनी जन्मभूमि को गौरवांवित किया है।

जम्मू कश्मीर में आतंकियों से मुकाबला करते हुए सतना जिले अमरपाटन क्षेत्र के ग्राम पड़री खैरा के सपूत धीरेंद्र त्रिपाठी श्रीनगर में शहीद हो गए हैं। धीरेंद्र के साथ एक अन्य जवान शैलेन्द्र कुमार निवासी रायबरेली उत्तर प्रदेश ने भी राष्ट्र रक्षा में अपने प्राणों की आहुति दी है। शहीद धीरेंद्र सीआरपीएफ का जवान था। उसकी बटालियन श्रीनगर में तैनात थी। सोमवार को आतंकियों ने फिर पुलवामा पर हमला किया जिसमें भारतीय सेना के 2 जवान शहीद हो गए।
शहीद जवानों में सतना का लाल धीरेंद्र त्रिपाठी भी शामिल है। धीरेंद्र की शहादत की खबर सतना जिला प्रशासन को मिली है। उधर सीआरपीएफ ने शहीद के पिता को फोन पर सूचना दी है। वीर सपूत धीरेंद्र के पिता बालाघाट में पदस्थ हैं।
गौरतलब है कि इसके पूर्व चीन की सेना के साथ हुई झड़प में पिछले दिनों ही विंध्य के रीवा जिले के फरहद गांव का एक बहादुर बेटा शहीद हुआ था। बताया जा रहा है कि पंपोर के कांधीजल ब्रिज पर सीआरपीएफ की 110 बटालियन और जम्मू-कश्मीर पुलिस के जवान रोड ओपनिंग ड्यूटी (आरओपी) पर तैनात थे, तभी आतंकियों ने अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। इस आतंकी हमले में दो जवान शहीद हो गए, जबकि पांच घायल हैं। इलाके को घेर लिया गया है और सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है।
जम्मू कश्मीर के आईजी विजय कुमार ने बताया कि ड्यूटी पर तैनात सीआरपीएफ जवानों पर हमला तंगन बाईपास श्री नगर में हुआ। बाइक पर सवार हो कर आये दो आतंकियों ने जवानों पर ak 47 से अंधाधुंध फायरिंग की। क्रॉस फायरिंग में सीआरपीएफ के दो जवान शहीद हो गए।
बताया गया कि आतंकियों में से एक let का है जो पाकिस्तान से आया है जबकि दूसरा आतंकी लोकल है। इस आतंकी द्वारा किया गया यह तीसरा हमला है।



