पराक्रम फाउंडेशन के युवाओं के जज्बे को सलाम

मैहर दर्पण। समाज सेवा करने के लिए कोई उम्र नही होती मानव जीवन की रच्छा और आज इतने बड़ी संकट की घड़ी में जो समाज के साथ खड़ा रहे वही समाज सेवी है जिसकी काफी बड़ी मिशाल बने है मैहर के ये पराक्रम फाउंडेशन के होनहार युवा जिन्होंने डॉक्टर पवन स्थापक के प्रयास और उनसे प्रेरणा लेने केबाद कोविड सेंटर को डोनेट की वेल्टीलेटर ओर जीवन रच्छक सामग्री मैहर के युवा साथियों ने समाज सेवा करने का है अपना जज्बा बना लिया है और उस कार्य को करने के लिए काफी तेजी से उनका प्रयास जोरों पर जारी है देखा जाए तो पराक्रम फाउंडेशन सोशल संस्था के अध्यक्ष श्रीकांत नामदेव सचिव मैहर के प्रतापादित्य बोस सह सचिव वासु शुक्ला सिद्धार्थ चोपड़ा रावेंद्र सिंह अंभुज द्विवेदी डॉक्टर अंकित पांडेय द्वरा आज संकट की घड़ी जिसमे पूरा देश समस्या से जूझ रहा है और शासन प्रशासन भी पूरी ताकत से आज देश की जनता को कोविड संक्रमण से बचाने में लगा हुआ है । ऐसी इस्तिथि में पराक्रम फाउंडेशन द्वरा मैहर के प्रताप आदित्य बोस द्वरा मैहर सिविल अस्पताल में निशुल्क आक्सीजन सिलेंडर की डिलिवरी ट्रांसपोर्टिंग कराई गई एवम अब जबलपुर में डॉक्टर पवन स्थापक के अस्पताल जन ज्योति सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में डॉक्टर पवन स्थापक द्वरा कोविड पेशंट के लिए अपने निजी अस्पताल 200 बेड का कोबिट सेंटर बनाया गया जो पिछले 10 दिन पहले संघ के प्रान्त प्रचारक प्रवीण जी गुप्त द्वरा इस का उद्घाटन किया गया डॉ पवन स्थापक के सफल प्रयास को देखकर पराक्रम फाउंडेशन भी आगे आया और मरीजों को उपयोग में होने वाली सामग्री वेंटीलेटर एवं जीवन रक्षक उपकरण सामग्री जिसकी कीमत करीब ₹450000 की सामग्री डॉ पवन स्थापक को भेंट की गई पराक्रम फाउंडेशन के अध्यक्ष श्रीकांत नामदेव एवं सचिव मैहर के प्रतापादित्य बोस सह सचिव वासु सुक्ला डॉक्टर अंकित पांडे सिद्धार्थ चोपड़ा रावेंद्र सिंह अंभुज द्विवेदी आदि युवाओं द्वारा काफी बड़ा सहयोग एवं मार्गदर्शन रहा पराक्रम फाउंडेशन की इस पहल से कई मरीजों को जीवन दान प्राप्त होगा जिसमें डॉ पवन स्थापक का अहम रोल होगा जिनके सूझबूझ से आज इस संकट की घड़ी में लोगों को काफी राहत देने का अपने जीवन तक को संकट में डाल दिया है पराक्रम फाउंडेशन द्वारा सामग्री जबलपुर में डॉक्टर पवन स्थापक को भेंट किया गया है जिसके लिए पराक्रम फाउंडेशन के युवा समाजसेवी मैहर के प्रताप आदित्य बोस सिद्धार्थ चोपड़ा रावेंद्र सिंह अंभुज द्विवेदी का आभार ज्ञापित किया गया है।



