धान में लग रहे रोगों को लेकर मौसम बिसेन के नेतृत्व में किसानों ने कलेक्टर से की चर्चा

बालाघाट जबलपुर दर्पण । शाम कलेक्ट्रेट कार्यालय में लालबर्रा, वारासिवनी, बालाघाट, कटंगी और खैरलांजी के किसानों ने एक प्रतिनिधि मंडल ने वर्तमान खरीफ की फसल धान में कीट-व्याधि मांहू इत्यादि रोगों के प्रकोपों को लेकर राज्य पिछड़ा वर्ग कल्याण आयोग सदस्य मौसम बिसेन के नेतृत्व में कलेक्टर से सारगर्भित चर्चा की। इस दौरान किसानों ने भारी-बड़ी से धान की फसल में लग रहे रोगों के बारे में कलेक्टर को बताया। किसान समस्या को कलेक्टर ने गंभीरता से सुना और तत्काल कार्रवाई करने की बात कही। फलस्वरूप कलेक्टर ने कृषि और राजस्व विभाग को फौरन कार्रवाई करने निर्देशित किया। साथ ही राज्य पिछड़ा वर्ग कल्याण आयोग सदस्य मौसम बिसेन को किसानों द्वारा प्रेषित आवेदक को एक ज्ञापन के माध्यम से उन्होंने कलेक्टर को सौंपा।
मैदानी स्तर पर हो मुआयना : मौसम बिसेन
इस संबंध में मौसम बिसेन ने कहा, बालाघाट जिले की लालबर्रा, वारासिवनी, कटंगी, बालाघाट तहसील सहित अन्य तहसीलों के विभिन्न ग्रामों में हल्की एवं मध्यम आयु की धान की फसलों पर कीट प्रकोप, जिसे स्थानीय भाषा में माहू रोग कहते है, के द्वारा भारी नुकसान की जानकारी क्षेत्र के कृषकों द्वारा प्राप्त हो रही है। मैं यह मानती हूँ कि इस कीट प्रकोप की नुकसानी का जायजा लेने की आवश्यकता है। खेतों में पृथक-पृथक स्थानों पर 40 प्रतिशत से 50 प्रतिशत नुकसानी का अनुमान है। मौसम बिसेन ने कीट प्रकोप से हुई धान फसल की नुकसानी का कृषि एवं राजस्व विभाग के मैदानी स्तर के अधिकारियों, कर्मचारियों द्वारा संयुक्त रूप से मुआयना करवाकर भू-राजस्व संहिता 6-4 के तहत का फसल मुआवजा दिलाने संबंधी आवश्यक कार्यवाही की जाएं। ताकि प्रभावित किसानों को फौरी राहत मिल सके। वहीं वर्तमान लगी धान की फसल के लिए कृषि विभाग से तत्काल तकनीकी सहायता मुहैया कराई जाएं।
प्रभावित फसल के दिखाएं अवशेष
इस अवसर पर राज्य पिछड़ा वर्ग कल्याण आयोग सदस्य मौसम बिसेन, पूर्व भाजपा जिला अध्यक्ष सत्यनारायण अग्रवाल, जिला मीडिया प्रभारी हेमेंद्र क्षीरसागर, जिला पंचायत सभापति झामसिंह नागेश्वर, गुलेंद्र भगत, वीरेंद्र बिसेन, ईश्वर दयाल ठाकरे, मुकेश गौतम, अविनाश बिसेन, सुरेश कन्तोड़े, शंभूलाल ठाकरे, वीरेंद्र बोपचे, प्रमोद हनवत, लक्ष्मण आसरे, रमेश पंचेश्वर, शिवलाल भगत, धनेंद्र गौतम, किशोर बिसेन, डिगनलाल चौधरी, संतोष बिसेन, फंदूलाल ठाकरे, नंदलाल शरणागत, पंकज खोखले सहित बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे। जिन्होंने कलेक्टर को साथ में लाए प्रभावित फसल के अवशेष भी दिखाएं।



