बालाघाट दर्पण
कलेक्टर ने ली राजस्व अधिकारियों की बैठक

जबलपुर दर्पण। कलेक्टर मृणाल मीना ने 12 दिसम्बर को जिले के सभी एसडीएम, तहसीलदार एवं नायब तहसीलदारों की बैठक लेकर राजस्व प्रकरणों की विस्तार से समीक्षा की। बैठक में अपर कलेक्टर जीएस धुर्वे, डीपी बर्मन, संयुक्त कलेक्टर राहुल नायक, डिप्टी कलेक्टर प्रदीप कौरव, एसडीएम गोपाल सोनी उपस्थित थे। सभी एसडीएम एवं तहसीलदार व नायब तहसीलदार वीडियों कांफ्रेंस के माध्यम से बैठक में उपस्थित थे। बैठक में सर्वप्रथम फार्मर रजिस्ट्री की समीक्षा की गई। इस दौरान निर्देशित किया गया कि जमीन के जितने भी खातेदार है उन सभी की फार्मर आईडी होना चाहिए और सभी के आधार नंबर खसरा से लिंक होना चाहिए। इसी आधार पर भविष्य में किसानों को खाद का वितरण किया जाएगा। इसलिए सभी किसानों एवं खाताधारकों की फार्मर आईडी का कार्य शीघ्रता से पूर्ण करने के निर्देश दिये गए। लामता तहसील में फार्मर आईडी एवं फार्मर रजिस्ट्री का कार्य संतोषजनक नही पाया गया। वन पट्टाधारक किसानों की भी फार्मर आईडी बनाना है इसके लिए बैहर, बिरसा, परसवाड़ा एवं लांजी तहसीलदार को निर्देशित किया गया कि अपने क्षेत्र के सभी वन पट्टाधारक किसानों की फार्मर आईडी शीघ्रता से बनवाए। इस दौरान बताया गया कि जिले में 6929 वन पट्टाधारक किसानों की फार्मर आईडी बनाना है। बैठक में स्वामित्व योजना के अंतर्गत ग्राउंड ट्रूथिंग की समीक्षा की गई और निर्देशित किया गया कि चयनित ग्रामों के अंतिम प्रकाशन की कार्यवाही शीघ्रता से पूर्ण करें। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के अंतर्गत संदिग्ध खातों की जांच एवं सत्यापन का कार्य शीघ्रता से पूर्ण करने कहा गया। नगरीय क्षेत्र में धारणाधिकार के प्रकरणों का शीघ्र निराकरण कर पात्र हितग्राहियों को धारणाधिकार पत्र वितरित करने के निर्देश दिये गए। नजूल प्रकरणों की समीक्षा के दौरान नजूल पट्टो का नवीनीकरण प्राथमिकता से करने के निर्देश दिये गए। भू-राजस्व एवं अन्य मदों की वसूली का कार्य तत्परता के साथ करने के निर्देश दिये गए और कहा गया कि जिन प्रकरणों में आरआरसी जारी हो गई है उनमें वसूली के लिए कुर्की एवं नीलामी की कार्यवाही करें। प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत नगरीय क्षेत्र बालाघाट में 01 करोड़ रुपए से अधिक एवं वारासिवनी में 78 लाख रुपए की वसूली के लिए कुर्की नीलामी की कार्यवाही करने के निर्देश दिये गए। बैठक में सीएमएस पोर्टल पर दर्ज अविवादित नामांतरण, सीमांकन एवं बटवारा के प्रकरणों का समय सीमा के भीतर निराकरण करने के निर्देश दिये गए। सायबर तहसील के अंतर्गत नामांतरण के प्रकरण समय सीमा के भीतर अनिवार्य रूप से निराकृत करने कहा गया। बैठक में वन ग्रामों के राजस्व ग्रामों में परिवर्तन, भू-अर्जन एवं शासकीय कार्यों के लिए भूमि आवंटन प्रकरणों की भी समीक्षा की गई। तहसीलदारों को निर्देशित किया गया कि अतिक्रमण हटाने के प्रकरणों में तत्परता के साथ कार्यवाही करें और यह केवल कागजों पर नहीं बल्कि मौके पर भी दिखना चाहिए। प्राकृतिक आपदा से राहत के प्रकरणों का तत्परता के साथ निराकरण करने के निर्देश दिये गए। इसी प्रकार सड़क दुर्घटना में सहायता राशि के प्रकरणों को शीघ्र निराकृत कर पीडि़त परिवार को सहायता राशि का भुगतान तत्परता के साथ करने कहा गया। बैठक में सीएम हेल्पलाईन के प्रकरणों की भी समीक्षा की गई और निर्देशित किया गया कि इन प्रकरणों का शीघ्रता से निराकरण किया जाए।राजस्व प्रकरणों की समीक्षा के दौरान लामता तहसील की प्रगति संतोषजनक नही पाए जाने पर लामता तहसीलदार एवं वहां के लिपिक का 5-5 दिन का वेतन काटकर राजसात करने के निर्देश दिये गए। धारणाधिकार के प्रकरणों को समय पर प्रस्तुत नही किये जाने के लिए कलेक्ट्रेट के रीडर को कारण बताओ नोटिस जारी करने कहा गया। सभी एसडीएम को निर्देशित किया गया कि वे नगरीय क्षेत्रों का भ्रमण कर सुनिश्चित करे कि कोई भी व्यक्ति खुले में न सोये। यदि कोई व्यक्ति खुले में सोया मिलता है तो उसे नगर पालिका के आश्रय गृह में पहुंचाए।



