सिकन्दरा में जल संरक्षण की मिसाल बोरी बंधान कर ग्रामीणों को किया गया जागरूक

बालाघाट जबलपुर दर्पण । मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद, विकासखंड वारासिवनी द्वारा संचालित मुख्यमंत्री सामुदायिक नेतृत्व क्षमता विकास कार्यक्रम के अंतर्गत सोमवार को सिकन्दरा नाले में जल संरक्षण एवं संवर्धन हेतु बोरी बंधान का सफल आयोजन किया गया। इस अभियान में समाज कार्य के विद्यार्थी, प्रस्फुटन समिति के सदस्य तथा स्थानीय ग्रामीणों ने सामूहिक रूप से सहभागिता निभाई।कार्यक्रम के उपरांत आयोजित संगोष्ठी में विकासखंड समन्वयक सुरेंद्र भगत ने कहा कि बोरी बंधान जैसी जल संरक्षण तकनीक जल संचय की दिशा में अत्यंत प्रभावी कदम है। उन्होंने बताया कि प्रस्फुटन समिति व सामाजिक कार्य के विद्यार्थियों द्वारा किए जा रहे ये प्रयास ग्रामीण क्षेत्रों में जन-जागरूकता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। सुरेंद्र भगत ने ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा,“आज जरूरत है कि हम सभी पानी बचाने के लिए संकल्पित हों। बड़े नदी-नालों का संरक्षण तभी संभव है जब उनके कैचमेंट क्षेत्र—यानी छोटे-छोटे नालों—को बचाया जाए। घर का पानी घर में सोख्ता गड्ढों से, गांव का पानी गांव में बोरी बंधान से और खेत का पानी खेत में छोटे तालाबों से रोकना ही जल संरक्षण का सबसे प्रभावी उपाय है।उन्होंने आगे कहा कि भूमिगत जलस्तर का लगातार गिरना चिंता का विषय है, इसलिए जन अभियान परिषद गांव-गांव में जल बचाओ अभियान के तहत जनजागरूकता फैलाने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। प्रस्फुटन समितियां और कार्यक्रम में अध्ययनरत छात्र-छात्राएं कई वर्षों से स्वैच्छिक रूप से जल संरक्षण के विविध कार्यक्रमों का संचालन कर रहे हैं।



