दरियापुरा पंचायत में बंद पड़ा ताला, ग्रामीण भटकते रहे

टीकमगढ़ जबलपुर दर्पण । जिले की जनपद पंचायत पलेरा की दरियापुरा ग्राम पंचायत में जिम्मेदारों की लापरवाही इस कदर हावी है कि तय तारीख पर भी जनसुनवाई आयोजित नहीं की जाती। प्रत्येक मंगलवार को पंचायत भवन में जनसुनवाई का दिन तय था,लेकिन भवन पर ताला लटका मिला जबकि बाहर लगे चैनर गेट का ताला खोलकर डाल दिया गया था। ताकि सड़क पर खड़े होकर दूर से देखने पर पंचायत भवन खुला दिखाई दे।मौके पर पहुंचे ग्रामीणों और वर्तमान में पदस्थ पटवारी को दोपहर के दो बजे तक बाहर खड़ा रहना पड़ा।
ग्रामवासी मुकेश कुशवाहा, श्रीमती लक्ष्मीबाई मिश्रा, स्वामी अहिरवार, प्रभुदयाल अहिरवार पैगाखेरा और राजबहादुर सिंह परिहार ने बताया कि यहां पर जनसुनवाई केवल कागजों में खानापूर्ति तक ही सीमित है। सचिव देशराज विश्वकर्मा और रोजगार सहायक राजीव श्रीवास्तव कभी भी समय पर पंचायत में नहीं आते।
ग्रामीणों का कहना है कि उनकी समस्याएं महीनों से अनसुनी पड़ी हैं। जनसुनवाई न होने से गरीब और किसानों को न्याय से वंचित रहना पड़ रहा है। लोगों ने आरोप लगाया कि पंचायत के जिम्मेदार अधिकारी सिर्फ सरकारी वेतन उठा रहे हैं, लेकिन जनता से सीधा जुड़ने और उनकी समस्याएं सुनने में कोई रुचि नहीं दिखाते।
गांव में खुलेआम जिम्मेदारी से मुंह मोड़ रहे अधिकारियों के खिलाफ ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से कड़ी कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि यदि जल्द ही जिम्मेदारों को नहीं सुधारा गया तो वे सामूहिक रूप से कलेक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शन करेंगे।




