छह माह से ठप पड़ा डीजे प्लाजा का निर्माण, व्यापारी हो रहे हैं परेशान

सीधी जबलपुर दर्पण । शहर के सम्राट चौक पर प्रस्तावित डीजे प्लाजा का निर्माण पिछले छह माह से पूरी तरह ठप पड़ा हुआ है। व्यापारियों को दुकान आवंटन का सपना दिखाकर करोड़ों रुपये की वसूली तो कर ली गई, लेकिन अब जब निर्माण कार्य अधर में लटक गया है, तो निवेशकों की चिंता बढ़ गई है। कई व्यापारियों ने अपनी राशि वापस मांगनी शुरू कर दी है, जबकि निर्माण एजेंसी और संबंधित अधिकारी मौन धारण किए हुए हैं।
व्यापारियों का आरोप है कि उन्हें सुनहरे भविष्य का सपना दिखाकर दुकानें बेच दी गईं, लेकिन आज तक न तो भवन का काम पूरा हुआ और न ही कोई ठोस जानकारी दी गई कि यह प्रोजेक्ट कब तक पूरा होगा। व्यापारियों की जमा पूंजी फंसती नजर आ रही है, और उन्हें न तो ब्याज मिल रहा है और न ही कोई आश्वासन।
व्यवस्था में जवाबदेही नहीं, विभागीय चुप्पी बनी चिंता का कारण
निर्माण एजेंसी और जिम्मेदार अधिकारी अपनी जिम्मेदारियों से बचते नजर आ रहे हैं। ठेकेदारों द्वारा न तो प्रोजेक्ट को समय पर पूरा किया गया और न ही अब वे व्यापारियों से बात कर रहे हैं। जिन व्यापारियों ने जीवन भर की पूंजी लगाकर दुकानें बुक कराईं थीं, वे अब ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं।
चार साल बाद भी अधूरा कलेक्ट्रेट भवन बन रहा मिसाल
मिनी स्मार्ट सिटी योजना के अंतर्गत चार साल पहले शुरू हुआ कलेक्ट्रेट भवन भी अभी तक अधूरा पड़ा हुआ है। आधा ढांचा बनने के बाद काम रुक गया और अब वहां भी केवल खामोशी पसरी हुई है। जब जिला प्रशासन का प्रमुख भवन ही वर्षों से अधूरा है, तो डीजे प्लाजा जैसी निजी परियोजनाएं कब पूरी होंगी, यह सवाल शहर के लोगों को बेचैन कर रहा है।
सत्ता का सहारा लेकर बच रहे संविदाकार
बताया जा रहा है कि डीजे प्लाजा से जुड़े ठेकेदार अब राजनीतिक पहुंच का सहारा लेकर कार्यवाही से बचते आ रहे हैं। कई संविदाकार सीधे सत्ताधारी दल से जुड़े हुए हैं, जिसके चलते विभागीय अधिकारी भी कोई ठोस कदम उठाने से बच रहे हैं। न तो नोटिस जारी किए जा रहे हैं और न ही निर्माण कार्य का निरीक्षण किया जा रहा है।



